संभल नगर पालिका में बनी मजार हटाने की तैयारी
अधिकारी पहुंचे, प्रबंधकों से तीन दिन में मजार से जुड़े दस्तावेज उपलब्ध कराने को कहा गया
संभल, अमृत विचार: संभल जनपद में सरकारी जमीनों पर अवैध रूप से बनाये गये धार्मिक स्थलों पर कार्रवाई कर उन्हें हटाने की मुहिम के तहत अब संभल नगर पालिका परिषद कार्यालय परिसर में बनी मजार को हटाने की कवायद प्रशासन ने शुरू की है। राजस्व विभाग के अधिकारियों ने मजार का निरीक्षण कर उसकी देखरेख करने वालों से तीन दिन में दस्तावेज उपलब्ध कराने को कहा है।
संभल नगर पालिका परिसर में बनी मजार को लेकर शिकायत की गई थी कि मजार को कुछ साल पहले अवैध रूप से बना दिया गया था। जिस जमीन पर मजार बनी है वह नगर पालिका की है। इसके बाद प्रशासन ने इस मजार को लेकर कार्रवाई शुरू की है। गुरुवार को तहसीलदार धीरेंद्र प्रताप सिंह,नायब तहसीलदार दीपक जुरैल राजस्व विभाग की टीम के साथ मजार का निरीक्षण करने के लिए पहुंचे। नायब तहसीलदार ने मजार की देखरेख करने वाले लोगों से कहा कि यदि उनके पास मजार से संबंधित कोई दस्तावेज है तो वह तीन दिन के अंदर उपलब्ध करा दें। वहीं नगर पालिका की ओर से अधिशासी अधिकारी डॉ. मणि भूषण तिवारी ने राजस्व विभाग को अवगत कराया कि नगर पालिका परिषद के संपत्ति रजिस्टर में कोई धार्मिक स्थल दर्ज नहीं है। नगर पालिका परिषद की ओर से कुछ दस्तावेज भी राजस्व टीम को उपलब्ध कराए गए हैं ।
वहीं मौके पर मौजूद मुस्लिम समुदाय के लोगों ने कहा कि मजार बहुत साल पुरानी है और तमाम लोग वहां इबादत के लिए पहुंचते हैं। ऐसे में मजार को हटाने जैसी कार्रवाई वाजिब नहीं होगी। शाहिद हुसैन मसूरी ने कहा कि नेजा मेला के दौरान लोग यहां नियाज करते हैं। यह भी बताया कि इसे लेकर न्यायालय में मुकदमा चल रहा है। नायब तहसीलदार ने बताया कि मजार को लेकर नगर पालिका के साथ ही मजार से जुड़े मुस्लिम समुदाय के लोगाें से भी जानकारी ली गई है। तीन दिन में मजार से संबंधित दस्तावेज उपलब्ध कराने को कहा गया है।
चार धार्मिक स्थल और दो कब्रिस्तान पर हो चुकी है कार्रवाई
जनपद संभल में सरकारी जमीन पर बने धार्मिक स्थलों पर प्रशासन सख्ती के साथ कार्रवाई कर रहा है। अब तक चार धार्मिक स्थलों को सरकारी जगह से हटाया जा चुका है। वहीं दो कब्रिस्तान हटाए गए हैं। चंदौसी में सरकारी जमीन पर बनी मस्जिद को लेकर कार्रवाई शुरु की तो मस्जिद कमेटी ने खुद ही मस्जिद को तोड़कर जमीन से कब्जा हटा लिया था।
बहजोई में आगरा-मुरादाबाद हाईवे के किनारे बने मंदिर को भी प्रशासन ने हटवा दिया था। संभल बहजोई मार्ग पर हयातनगर से कुछ आगे बनी मस्जिद,दरगाह व मदरसा कार्रवाई की जद में आया। मस्जिद व मदरसे का अतिक्रमण वाला हिस्सा तोड़ दिया गया था जबकि मजार को भवन सहित तीस फिट पीछे शिफ्ट कर दिया गया था। इसके बाद ऐंचोड़ा कंबोह में कल्कि धाम से सटी मील वाली मस्जिद भी सरकारी जमीन पर बनी पाई गई तो उसे हटाने का नोटिस दिया गया। वहां भी मस्जिद कमेटी ने खुद ही मस्जिद को तोड़कर जमीन को कब्जा मुक्त कर दिया। अब नगर पालिका परिसर में बनी मजार को लेकर प्रशासनिक कार्रवाई होती नजर आ रही है।
