लखीमपुर खीरी : पकड़े गए तेंदुआ शावक की चौथे दिन इलाज के दौरान मौत

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

धौरहरा, अमृत विचार। धौरहरा वन रेंज के बसंतापुर गांव में पकड़े गए तेंदुए के शावक की मंगलवार दोपहर उपचार के दौरान मौत हो गई। उसे ग्रामीणों ने लाठियों से दबाकर पकड़ा था। पोस्टमार्टम कराने के बाद वन विभाग ने शव का अंतिम संस्कार कर दिया।

धौरहरा वन रेंज के बसंतापुर गांव में 30 अगस्त को मादा तेंदुआ दो शावकों के साथ खेतों में घूम रही थी। किसानों के शोर मचाने पर मादा तेंदुआ और एक शावक भाग गए, जबकि दूसरा शावक वहीं बैठा रह गया। ग्रामीणों ने उसे लाठियों के दम पर पकड़कर वन विभाग को सूचना दी। सूचना मिलने पर टीम ने शावक को पिंजरे में बंद कर वन रेंज कार्यालय पहुंचाया, जहां डॉक्टरों की टीम ने उपचार शुरू किया। सोमवार तक उसकी हालत में सुधार दिखा, लेकिन रात में अचानक तबीयत बिगड़ गई और मंगलवार दोपहर उसकी मौत हो गई।

डॉ. तलहा, डॉ. दीपक और दयाशंकर, पशु चिकित्सा अधिकारी दुधवा की टीम ने शव विच्छेदन किया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में अंदरूनी अंग खराब होने से मौत की पुष्टि हुई। विसरा सुरक्षित कर जांच के लिए बरेली भेजा गया। दुधवा टाइगर रिजर्व के  एफडी डॉ. एच. राजा मोहन ने बताया कि  पकड़े गए शावक की मौत अंदरूनी अंग खराब होने से हुई। विसरा सुरक्षित कर शव का अंतिम संस्कार किया गया।

संबंधित समाचार