पीलीभीत:  सपा- कांग्रेस में भरी हवा हो गई फुस्स, 2047 तक नहीं आने वाला नंबर, डिप्टी सीएम ने विपक्ष पर साधा निशाना

Amrit Vichar Network
Edited By Pradeep Kumar
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पीलीभीत, अमृत विचार: एक दिवसीय दौरे पर सूबे के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य पीलीभीत पहुंचे। प्रबुद्ध सम्मेलन को संबोधित कर कार्यकर्ताओं में जोश भरा और आगामी रणनीति को लेकर आवश्यक निर्देश देते हुए जिम्मेदारी तय कर दी। विपक्षी दलों पर भी सियासी निशाना साधा। केंद्र व प्रदेश सरकार की उपलब्धियां बताई। प्रशासनिक अधिकारियों संग समीक्षा बैठक भी की गई।

उन्होंने कहा कि 17 सितंबर से दो अक्टूबर तक प्रधानमंत्री के जन्मदिवस के अवसर पर सेवा पखवाड़ा के तहत विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। प्रधानमंत्री के कुशल नेतृत्व में भारतीय जनता पार्टी का एक-एक कार्यकर्ता पदाधिकारी सेवा पखवाड़ा में अपनी सहभागिता देते हुए विभिन्न सेवा करने का अवसर ले रहा है। रक्तदान शिविर, स्वास्थ्य शिविर, स्वच्छता अभियान और संवाद किए जा रहे हैं। कार्यकर्ताओं को एकजुटता और सक्रियता का पाठ पढ़ाते हुए कहा कि आगामी 2027 विधानसभा चुनाव में सपा के साथ सभी विपक्षियों की जमानत जब्त करानी है।

विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि राहुल गांधी जिस प्रकार से अपनी भाषा शैली और कार्य को दिखा रहे हैं।  मगर प्रधानमंत्री पर जनता का असीम आशीर्वाद प्राप्त है, इसलिए देश की जनता ने 2014, 2019 और 2024 में प्रधानमंत्री को जमकर वोट दिया।  इसी प्रकार उत्तर प्रदेश में भी 2017 और 2022 के विधानसभा चुनाव में प्रदेश सरकार को जमकर वोट दिया। कहा कि विपक्षी दलों को सिर्फ एक ही चीज खटक रही है, वो हैं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी। अखिलेश यादव का बयान आता है बांटो और राज करो।  उन्होंने कहा कि 2047 तक विपक्षी दलों का नंबर नहीं आने वाला है। इनके गुंडों पर कार्रवाई हो रही है।  कहा कि सपा और कांग्रेस में जो हवा भर गई थी, वह फुस्स हो गई  है। बिहार में भाजपा का गठबंधन जीतने जा रहा है। कहा कि कमल का फूल खिलेगा तो सभी सुख रहेंगे। प्रधानमंत्री कहते हैं ना खाऊंगा मैं खाने दूंगा,  जो खाएगा उसकी जांच कराऊंगा। जनता प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ है। 

..जब सिक्योरिटी ने गेट पर ही रोक दिए कई भाजपाई
पुलिस लाइन से कार में सवार होकर उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य भाजपा कार्यालय पहुंच गए थे।  यहां पर भाजपा पदाधिकारी, कोर कमेटी सदस्यों, जनप्रतिनिधियों संग बैठक और प्रबुद्ध वर्ग सम्मेलन हो रहा था। भाजपा नेताओं में उपमुख्यमंत्री से मुलाकात करने की होड़ मची हुई थी। भीड़ भी बढ़ गई थी। ऐसे में तमाम नेता भीतर प्रवेश गए और फिर गेट बंद कर दिया गया था। इसी बीच पहुंचे भाजपा के कई पदाधिकारी, पूर्व पदाधिकारी वरिष्ठ नेताओं को सिक्योरिटी ने गेट पर ही रोक दिया। उन्होंने अपना परिचय भी दिया लेकिन बात नहीं बन सकी। एक पूर्व जिलाध्यक्ष ने तो इस पर कड़ी आपत्ति जताई और खफा दिखे। एक जनप्रतिनिधि भी बाहर रह गए थे। इसे लेकर मासूसी के बीच शोर बढ़ा तो कुछ पदाधिकारियों को भीतर प्रवेश अन्य पदाधिकारियों ने कराया। मगर चंद मिनट में उनके दोबारा बाहर आकर चले जाने से चर्चाएं बढ़ गई।

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