UP: आजम बोले-जो 'दीये जलाते' हैं वो कुछ भी जला देंगे, मगर नफरत 'दीये रोशन' करने वाले खत्म करेंगे
रामपुर, अमृत विचार। पूर्व मंत्री आजम खां ने कहा दिवाली के पर्व दीए जलाने वालों पर निशाना साधते हुए कहा कि जो दीए जलाते हैं वे कुछ भी जला सकते हैं। लेकिन जो लोग दिए रोशन करते हैं उनका मकसद सिर्फ उजाला देना होता है ठंडक देना होता है। उन्होंने कहा कि नफरतों के अंधेरे को मिटाना होता है। यह लोग काबिले कद्र है और मैं उनकी सराहना भी करता हूं और उनसे मोहब्बत भी करता हूं।
दिल्ली के सर गंगाराम से चेकअप कराने के बाद शहर के मोहल्ला मीरबाज खां टंकी नंबर 5 पर पहुंच गए हैं। मंगलवार को उन्होंने पत्रकारों को बताया कि उनकी तबीयत बहुत अच्छी नहीं है। कहा कि लोगों का बहुत प्यार मिला है जो पहले नहीं देखा गया। कहा कि मैं जानता हूं कि उनका मेरे लिए इतना प्यार क्यों है। इसके पीछे कुर्बानियों की लंबी फेहरिस्त है। कहा कि वह तो सीधे भुक्तभोगी हैं।
लेकिन वह समाज जिसमें हम रहते हैं जिसका कोई धर्म नहीं है कोई जात नहीं है और जिसकी कोई हदें नहीं हैं। वह लोग पहली बार इतनी मोहब्बत और अकीदत से मिले हैं। इस इजहार के साथ कि जो कुछ हुआ मेरे साथ और आगे खतरें हैं। उससे वह बहुत दुखी हैं और अपने को उससे जोड़ते हैं। आजम ने कहा कि उनकी हमदर्दी के बोल मेरी बीमारी के लिए दुआ है।
