बाराबंकी : लेखपाल संघ का प्रदर्शन, आठ सूत्रीय मांगों का ज्ञापन सौंपा
रामसनेहीघाट, बाराबंकी/अमृत विचार। तहसील रामसनेहीघाट में शनिवार को लेखपाल संघ इकाई ने अपनी लंबित समस्याओं के समाधान को लेकर जोरदार धरना-प्रदर्शन किया। संघ के पदाधिकारियों ने उपजिलाधिकारी अनुराग सिंह को आठ सूत्रीय मांगों से संबंधित ज्ञापन सौंपते हुए तत्काल कार्रवाई की मांग की। ज्ञापन में लेखपाल दीपनंद श्रीवास्तव की तत्काल बहाली को सर्वोच्च प्राथमिकता में रखा गया और सभी लेखपालों को हर माह की पहली या दूसरी तारीख तक समय से वेतन भुगतान सुनिश्चित करने की मांग की गई।
संघ ने अवकाश को मानव संपदा पोर्टल से स्वीकृत कराने, अवकाश अवधि में किसी भी सरकारी कार्य से मुक्त रखने तथा अक्टूबर माह में कुछ लेखपालों का रोका गया एक दिन का वेतन वापस करने की मांग भी उठाई। महिला लेखपालों को शाम 5 बजे के बाद तहसील परिसर में न रोके जाने की मांग भी प्रमुख रही। इसके साथ ही संगठनात्मक हित का हवाला देते हुए मंत्री सेतुबंध पांडेय की कार्यालय से संबद्धता समाप्त करने की मांग भी ज्ञापन में शामिल की गई।
संघ ने एक अन्य ज्ञापन सौंपते हुए बताया कि नौ वर्षों से कई महत्वपूर्ण मांगें लंबित पड़ी हैं, जिनमें शैक्षणिक योग्यता व पदनाम संशोधन, प्रारंभिक वेतनमान उच्चीकरण, एसीपी विसंगति दूर करना, मृतक आश्रित लेखपालों की पेंशन समस्या समाधान, राजस्व निरीक्षक व नायब तहसीलदार के अतिरिक्त पद सृजन, स्टेशनरी भत्ता 100 से बढ़ाकर 1000 रुपये, वाहन भत्ता तथा विशेष वेतन भत्ता 100 से बढ़ाकर 2500 रुपये प्रतिमाह करना शामिल है।
इस मौके पर तहसील अध्यक्ष अश्विनी मिश्रा, कानूनगो नानक शरण, मंत्री सेतुबंधु पांडेय, उपाध्यक्ष अंबुज मिश्रा, पवन मौर्य, सचिन, शुभम पांडेय, कौशलेंद्र, जितेंद्र, अमित कुमार, तनु वर्मा, गायत्री सहित अनेक सदस्य उपस्थित रहे। इसी क्रम में तहसील परिसर में भी लेखपाल संघ ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर कार्य बंद कर हड़ताल की।
संघ के अध्यक्ष सुभेन्द्र अवस्थी के नेतृत्व में दर्जनों लेखपालों ने तहसीलदार बालेन्दु भूषण वर्मा को ज्ञापन सौंपा। इस दौरान संघ के मंत्री समर सिंह, वरिष्ठ उपाध्यक्ष विवेक कुमार, कनिष्ठ उपाध्यक्ष रामकरन, उपमंत्री प्रदीप वर्मा, कोषाध्यक्ष आनंद यादव और ऑडिटर अश्वनी कुमार सहित कई लेखपाल मौजूद रहे।
