मंत्रिमंडल ने अगले दौर की स्पेक्ट्रम नीलामी को मंजूरी दी
नई दिल्ली। केंद्रीय मंत्रिमंडल ने बुधवार को अगले दौर की स्पेक्ट्रम नीलामी को मंजूरी दे दी है। सूचना प्रौद्योगिकी और संचार मंत्री रवि शंकर प्रसाद ने कहा कि यह नीलामी मार्च में होगी और इसमें कुल 2,251 मेगाहर्ट्ज फ्रीक्वेंसी की बिक्री की जाएगी। नीलामी के इस दौर में 5जी सेवाओं के लिये चिन्हित स्पेक्ट्रम फ्रीक्वेंसी …
नई दिल्ली। केंद्रीय मंत्रिमंडल ने बुधवार को अगले दौर की स्पेक्ट्रम नीलामी को मंजूरी दे दी है। सूचना प्रौद्योगिकी और संचार मंत्री रवि शंकर प्रसाद ने कहा कि यह नीलामी मार्च में होगी और इसमें कुल 2,251 मेगाहर्ट्ज फ्रीक्वेंसी की बिक्री की जाएगी।
नीलामी के इस दौर में 5जी सेवाओं के लिये चिन्हित स्पेक्ट्रम फ्रीक्वेंसी को बिक्री के लिये प्रस्तुत नहीं करने का निर्णय किया गया है। सरकार 700 मेगाहट्र्ज, 800 मेगाहट्र्ज, 900 मेगाहट्र्ज, 2,100 मेगाहट्र्ज, 2,300 मेगाहट्र्ज और 2,500 मेगाहट्र्ज के फ्रीक्वेंसी बैंड में 2,251 मेगाहट्र्ज स्पेक्ट्रम नीलामी के लिये रखेगी।
आवेदन आमंत्रित करने को लेकर नोटिस इस महीने जारी किया जाएगा और नीलामी मार्च तक होगी। दूरसंचार विभाग का निर्णय लेने वाले शीर्ष निकाय- डिजिटल संचार आयोग ने मई में 5.22 लाख करोड़ रुपये की स्पेक्ट्रम नीलामी योजना को मंजूरी दी थी। इसमें 5जी सेवाओं के लिये चिह्नित रेडियो तरंगें बेचने की बात भी शामिल थी। दूरसंचार कंपनी रिलायंस जियो के अनुसार 3.92 लाख करोड़ रुपये मूल्य का स्पेक्ट्रम बिना किसी उपयोग के नीलामी के लिये पड़ा है।
पूर्वोत्तर राज्यों में बिजली के बुनियादी ढ़ांचे के लिए 6700 करोड की मंजूरी
केन्द्र सरकार ने पूर्वोत्तर राज्यों में बिजली आपूर्ति के बुनियादी ढ़ांचे की मजबूती के लिए 6700 करोड़ रुपए के संशोधित व्यय को मंजूरी दी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में बुधवार को यहां हुई केंद्रीय मंत्रिमंडल की आर्थिक मामलों की समिति में इस आशय के प्रस्ताव का अनुमोदन किया गया। बैठक के बाद सूचना एवं प्रसारण मंत्री प्रकाश जावडेकर ने एक संवाददाता सम्मेलन में बताया कि पूर्वोत्तर के छह राज्यों में बिजली आपर्ति के बुनियादी ढ़ांचे के सुदृढ़ीकरण के लिए पूर्वोत्तर क्षेत्र बिजी प्रणाली सुधार परियोजना के संशोधित व्यय 6700 करोड़ रुपए को मंजूरी दी गयी है। पहले यह राशि 5000 करोड़ रुपए थी। इससे राज्यों के बीच बिजली पारेषण और वितरण में मजबूती आयेगी।
विश्वसनीय दूरसंचार उपकरणों की सूची के लिए समिति
सरकार ने विश्वसनीय एवं गैर विश्वसनीय दूरसंचार उपकरणों की सूचीबद्धता के लिए राष्ट्रीस सुरक्षा समिति बनाने का निर्णय लिया है। रविशंकर प्रसाद ने कहा कि दूरसंचार उपकरण आपूर्तिकताओं की सूची बनाने के लिए यह समिति बनायी जायेगी। इसमें विश्वसनीय एवं गैर विश्वसनीय स्रोत्र का उल्लेख होगा।
अमेरिका के साथ विद्युत क्षेत्र में समझौता ज्ञापन को मंत्रिमंडल की मंज़ूरी
केन्द्रीय विद्युत नियामक आयोग, भारत (सीईआरसी ) और संघीय ऊर्जा नियामक आयोग, अमेरिका ( एफईआरसी) के बीच समझौता ज्ञापन के प्रस्ताव को आज केन्द्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में मंजूरी दे दी गई। सूचना प्रसारण मंत्री प्रकाश जावडेकर ने कहा कि दोनों देशों के बीच इस समझौता ज्ञापन से विद्युत क्षेत्र में सूचनाओं और अनुभवों के आदान प्रदान से आपसी हितों को बढ़ावा मिलेगा। उन्होने कहा कि यह समझौता ज्ञापन बेहतर और थोक विद्युत बाज़ार विकसित करने और ग्रिड विश्वस्नीयता बढ़ाने के लिए नियामक और नीतिगत ढांचे को बेहतर बनाने में मदद करेगा। जावडेकर ने कहा कि इस समझौता ज्ञापन से ऊर्जा से संबंधित मुद्दों पर दोनों देशों के आयुक्तों और अधिकारियों के दौरे आयोजित होंगे।
