ईरान में पीड़ित परिवारों की मदद को तीन भाइयों ने दान की जमीन, भाजपा नेता ने की जांच की मांग
मेरठ। मेरठ के जानीखुर्द क्षेत्र में रसूलपुर धौलड़ी गांव के तीन भाइयों द्वारा ईरान में हमलों के शिकार हुए बच्चों के परिवारों की मदद के लिए अपनी जमीन दान किये जाने का मामला सामने आया है। भारतीय जनता पार्टी की युवा शाखा भारतीय जनता युवा मोर्चा के नेता अंकित चौधरी ने इस मामले पर सवाल उठाते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखा है एवं इसकी जांच की मांग की है।
रसूलपुर धौलड़ी गांव के अमान मुस्तफा ने बृहस्पतिवार को 'पीटीआई-भाषा' को बताया कि अमेरिका और इजराइल द्वारा ईरान में किये गये हमलों में करीब 300 बच्चों की मौत की खबर से वह और उनका परिवार आहत है। उन्होंने कहा कि इस घटना ने उन्हें, उनके बड़े भाई यासिर मुस्तफा और छोटे भाई सुबर मुस्तफा को गहराई से प्रभावित किया।
मुस्तफा ने बताया कि जरूरतमंदों की मदद करने के उद्देश्य से तीनों भाइयों ने करीब 15 लाख रुपए मूल्य के 125 गज के अपने भूखंड को दान करने का निर्णय लिया। मुस्तफा के मुताबिक इसके लिए उन्होंने अंजुमन हुसैनिया संस्था से संपर्क किया और बुधवार को संस्था के पदाधिकारियों को भूखंड के कागजात सौंप दिए।
जुमन हुसैनिया के अध्यक्ष तनवीर हैदर ने इस पहल के लिए तीनों भाइयों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस भूखंड को बेचने से मिलने वाली धनराशि संस्था के माध्यम से ईरान में प्रभावित परिवारों तक पहुंचाई जाएगी। इस घटना की जानकारी मिलते ही क्षेत्र में लोगों ने तीनों भाइयों की सराहना की और इसे इंसानियत की मिसाल बताया।
हालांकि भारतीय जनता युवा मोर्चा के पूर्व राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य अंकित चौधरी ने इस मामले पर सवाल उठाते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखा एवं इसकी जांच की मांग की है। उन्होंने प्रशासन से तीनों भाइयों की संपत्ति की जांच कराने और यह सुनिश्चित करने की मांग की कि धन का उपयोग नियमों के अनुरूप हो।
