ज्योली गांव में बाघ के हमले से महिला की मौत, गांव में दहशत
नैनीताल, अमृत विचारः ज्योलीकोट क्षेत्र के ज्योली गांव में बाघ के हमले में एक महिला की मौत हो गई। घटना के बाद गांव में दहशत का माहौल है, वहीं आक्रोशित ग्रामीणों ने वन विभाग के खिलाफ विरोध शुरू कर दिया है। जानकारी के अनुसार, 52 वर्षीय हेमा पांडे आज सुबह करीब 9 बजे घर से मवेशियों के लिए चारा लेने जंगल गई थीं। उनके साथ गांव की दो अन्य महिलाएं भी गई थीं। कुछ समय बाद जब हेमा पांडे का संपर्क नहीं हुआ तो साथ गई महिलाएं घर लौट आईं और परिजनों व ग्रामीणों को सूचना दी। सूचना मिलते ही ग्रामीण जंगल की ओर दौड़े और खोजबीन शुरू की। कुछ देर बाद महिला का क्षत-विक्षत शव बरामद हुआ। ग्रामीणों के मुताबिक, बाघ ने महिला को अपना शिकार बना लिया था। वहीं इससे पहले भी क्षेत्र के मोरा गांव में एक महिला को बाघ ने निवाला बनाया था। वन विभाग ने उस घटना के बाद एक बाघ को पकड़ा था और दावा किया था कि वही आदमखोर बाघ था, जिसने सूर्या गांव में भी महिला पर हमला किया था। इसके बावजूद क्षेत्र में लगातार हो रही घटनाओं ने वन विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। घटना के बाद ग्रामीणों में भारी आक्रोश है। लोगों का कहना है कि क्षेत्र में बाघ की सक्रियता लंबे समय से बनी हुई है, लेकिन विभाग प्रभावी कार्रवाई करने में नाकाम रहा है। ग्रामीणों ने जल्द से जल्द आदमखोर बाघ को पकड़ने और क्षेत्र में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने की मांग की है। वन विभाग की टीम मौके पर पहुंच गई है और आगे की कार्रवाई में जुटी हुई है। वहीं, गांव में दहशत का माहौल बना हुआ है।
