शाहजहांपुर : मिल अधिकारियों की प्रताड़ना से तंग आकर गन्ना सुपरवाइजर ने दी जान, एमडी समेत तीन पर आरोप

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Published By Pradeep Kumar
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पत्नी की तहरीर पर कार्रवाई की मांग, सुसाइड नोट और ऑडियो रिकॉर्डिंग से खुलेंगे राज

बंडा (शाहजहांपुर), अमृत विचार। बजाज हिंदुस्तान शुगर लिमिटेड मकसूदापुर में कार्यरत गन्ना सुपरवाइजर मनोज कुमार गंगवार ने मिल अधिकारियों की कथित प्रताड़ना से तंग आकर संदिग्ध परिस्थितियों में आत्महत्या कर ली। घटना के बाद मिले सुसाइड नोट और पत्नी की तहरीर से मिल प्रशासन में हड़कंप मच गया है। पत्नी ने बजाज ग्रुप के एमडी, यूनिट हेड समेत तीन अधिकारियों के खिलाफ नामजद तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है। ग्राम भौरखेड़ा निवासी मनोज कुमार गंगवार (42) वर्ष 2010 से मिल के गन्ना विभाग में कार्यरत थे। परिजनों के अनुसार, कुछ समय से उच्च अधिकारी उन पर अनुचित दबाव बना रहे थे और पहले नौकरी से निकालने के बाद दोबारा निकालने की धमकियां दी जा रही थीं, जिससे वह मानसिक तनाव में थे।

परिजनों के मुताबिक मनोज रोजाना की तरह देर शाम घर आया और अपने कमरे का दरवाजा बंद कर लिया। सुबह काफी देर तक कोई आवाज न आने पर परिजनों ने दरवाजा खोला तो वह चारपाई पर मृत अवस्था में मिला। बताया गया कि वह रविवार को पत्नी और बच्चों को पीलीभीत के बीसलपुर छोड़कर आया था, जहां दोनों बच्चे एक प्राइवेट स्कूल में पढ़ते हैं और पत्नी वहीं रहती थी। मृतक की जेब से तीन सुसाइड नोट मिले, जिनमें एक डीएम शाहजहांपुर और पुलिस अधीक्षक शाहजहांपुर के नाम तथा एक अपने दोनों बच्चों के नाम लिखा गया था। परिजनों के अनुसार उसने जहरीले पदार्थ का सेवन कर जान दी। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।

मृतक की पत्नी नीरज ने तहरीर में आरोप लगाया है कि एमडी, यूनिट हेड और एक अन्य अधिकारी उनके पति को मानसिक रूप से प्रताड़ित कर रहे थे। उन्होंने बताया कि मनोज के मोबाइल में ऑडियो रिकॉर्डिंग भी मौजूद है, जिसमें अधिकारियों द्वारा दी जा रही धमकियों के साक्ष्य हैं। सुसाइड नोट में मनोज ने अपनी मौत के लिए इन अधिकारियों को जिम्मेदार ठहराते हुए बच्चों को न्याय दिलाने और पीएफ व बीमा की धनराशि दिलाने की गुहार लगाई है ताकि परिवार का गुजारा हो सके। मनोज के निधन के बाद परिवार में कोहराम मचा है, पत्नी नीरज, पुत्री सृष्टि और पुत्र सक्षम का रो-रोकर बुरा हाल है।

मामले की गंभीरता को देखते हुए थाना पुलिस ने सुसाइड नोट और मोबाइल को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। थाना प्रभारी प्रदीप कुमार राय ने बताया कि तहरीर प्राप्त हुई है और सुसाइड नोट व ऑडियो रिकॉर्डिंग की जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। वहीं चीनी मिल प्रबंधन की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है और नामजद अधिकारियों के मोबाइल फोन बंद बताए जा रहे हैं।

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