संविदा कर्मचारियों को हटाने पर भड़के ऊर्जा मंत्री, AK Sharma ने अपनाया कड़ा रुख, समयबद्ध समाधान का मिला अल्टीमेटम
लखनऊ। उत्तर प्रदेश के ऊर्जा मंत्री अरविंद कुमार शर्मा ने विद्युत विभाग में संविदाकर्मियों को कार्य से हटाए जाने की मिल रही शिकायतों पर नाराजगी जताई है। उन्होंने विभागीय अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि बिना उचित और वैध कारण किसी भी संविदाकर्मी को नौकरी से न हटाया जाए। ऊर्जा मंत्री ने कहा कि प्रदेश की बिजली व्यवस्था को सुचारु और निर्बाध बनाए रखने में संविदाकर्मियों की महत्वपूर्ण भूमिका है।
अनदेखी पर भड़के ऊर्जा मंत्री अरविंद कुमार शर्मा
ऐसे में उनके हितों और अधिकारों की अनदेखी नहीं की जानी चाहिए। उन्होंने अधिकारियों से संविदाकर्मियों से जुड़े मामलों में संवेदनशीलता और मानवीय दृष्टिकोण अपनाने को कहा। शर्मा ने निर्देश दिया कि यदि किसी संविदाकर्मी के संबंध में कोई शिकायत या विवाद हो तो उसका निष्पक्ष और नियमसम्मत निस्तारण किया जाए।
न्यायपूर्ण हितों का रखा जाए ध्यान
उन्होंने कहा कि कर्मचारियों के साथ न्यायपूर्ण व्यवहार सुनिश्चित करना विभाग की जिम्मेदारी है। ऊर्जा मंत्री ने अधिकारियों को यह भी निर्देश दिए कि संविदाकर्मियों से संबंधित सभी मामलों की समीक्षा कर उनकी समस्याओं का समयबद्ध समाधान किया जाए, ताकि बिजली आपूर्ति व्यवस्था पर कोई प्रतिकूल प्रभाव न पड़े और कर्मचारियों का मनोबल भी बना रहे।
