विशाखापत्तनम में बड़ा हादसा : स्टील प्लांट में पिघला हुआ लोहा गिरने से 8 श्रमिकों की मौत, कई घायल
विशाखापत्तनम इस्पात संयंत्र के नाम से जाने जाने वाले राष्ट्रीय इस्पात निगम लिमिटेड के परिसर में सोमवार को पिघला हुए लोहा गिरने से कम से कम पांच श्रमिकों की मौत हो गई।
विशाखापत्तनम। राष्ट्रीय इस्पात निगम लिमिटेड यहां स्थित संयंत्र में सोमवार शाम हुए एक भीषण औद्योगिक हादसे में आठ श्रमिकों की मौत हो गयी, जबकि नौ अन्य घायल हो गये। आधिकारिक सूत्रों ने आठ श्रमिकों की मौत की पुष्टि की है। घायलों में कई की हालत गंभीर बताई जा रही है। हादसा इस्पात संयंत्र के स्टील मेल्ट शॉप (एसएमएस-2) और उससे जुड़े हिस्सों में उस समय हुआ, जब बड़ी मात्रा में पिघला हुआ स्टील फैल गया। घटना के समय वहां बड़ी संख्या में श्रमिक काम कर रहे थे।
सूत्रों के अनुसार करीब 1500 डिग्री सेल्सियस तापमान वाला पिघला हुआ स्टील ले जा रही गर्म धातु की बाल्टी (लेडल) अचानक टूटकर गिर गई, जिससे पिघला हुआ धातु नीचे काम कर रहे श्रमिकों पर फैल गया। दुर्घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और घबराए हुए श्रमिक जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे। हालात पर काबू पाने के लिए बड़ी संख्या में दमकल वाहन संयंत्र में पहुंचे। घायलों को तत्काल विभिन्न अस्पतालों में भर्ती कराया गया। पिघला हुआ लोहा पूरे क्षेत्र में फैल जाने से इस्पात संयंत्र में अफरा-तफरी और अराजकता का माहौल बन गया।
एक अधिकारी ने बताया कि आग पर पूरी तरह काबू पाने के बाद ही मृतकों और घायलों की सही संख्या का पता चल सकेगा। घटना की सूचना मिलते ही जिला कलेक्टर, पुलिस आयुक्त और अन्य वरिष्ठ अधिकारी स्टील प्लांट पहुंच गये तथा राहत एवं बचाव कार्यों की निगरानी कर रहे हैं। आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने हादसे पर गहरा दुख जताया है। उन्होंने अधिकारियों से बात कर घटना की जानकारी ली और राहत कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिये।
मुख्यमंत्री नायडू ने जताया गहरा दुख
हालांकि, आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू के कार्यालय की ओर से जारी विज्ञप्ति में हादसे में कई श्रमिकों की मौत की बात कही गई है, लेकिन इसमें मृतकों की संख्या नहीं बताई गई है। विज्ञप्ति में कहा गया है कि मुख्यमंत्री ने हादसे में हुई जनहानि पर गहरा दुख जाहिर किया है।उन्होंने सभी विभागों को आपसी तालमेल के साथ काम करते हुए जरूरी सहायता प्रदान करने का निर्देश दिया है।
पुलिस के मुताबिक, बाल्टी में रखे पिघले लोहे को क्रेन से ले जाया जा रहा था, तभी यह श्रमिकों के ऊपर गिर गया, जिससे यह घटना हुई। पुलिस ने बताया कि पिघला हुआ लोहा बेहद गर्म था और उसका तापमान लगभग 1,600 डिग्री सेल्सियस था।
