Bareilly News : सैटेलाइट पर बगैर फायर एनओसी चलते मिले दो होटल, बीडीए ने जड़े ताले
होटल रजानी व सैटेलाइट पर कार्रवाई, कई कोचिंगों में भी सुरक्षा को लेकर सामने आई लापरवाही,की तैयारी
बरेली, अमृत विचार। लखनऊ में हुए अग्निकांड में जनहानि देखकर बरेली में भी पूरा अमला हरकत में आ गया है। प्रशासन, बीडीए, अग्निशमन व पुलिस ने मिलकर होटल, रेस्टोरेंट, कोचिंग, लाइब्रेरी आदि को रडार पर ले लिया है। संयुक्त चेकिंग अभियान में सुरक्षा को लेकर खतरनाक लापरवाही भी सामने आई है। बीडीए ने मंगलवार को अभियान के क्रम में सैटेलाइट पर बगैर फायर एनओसी व नक्शे के संचालित हो रहे होटल रजान व सैटेलाइट पर सीलिंग की कर दी। कई और संस्थानों में सुरक्षा इंतजाम सही नहीं मिले, जिनको नोटिस जारी किए जा रहे हैं।
अफसरों के अनुसार, जांच में सामने आया कि होटल रजानी बिना फायर एनओसी और स्वीकृत नक्शे के अवैध तरीके से चलाया जा रहा था। वहीं सैटेलाइट होटल एंड रेस्टोरेंट का भी बीडीए से नक्शा तक पास नहीं था और आग से बचाव की कोई व्यवस्था नहीं की गई थी। चेकिंग को पहुंचे संयुक्त दस्ते ने कार्रवाई शुरू की तो संचालक कपाउंडिंग के लिए फाइल लगाने की बात कहते दिखे, अफसरों के सख्त रुख के बाद दोनों होटलों पर बीडीए के ताले पड़ गए। जांच टीमें रघुवंशी कॉम्प्लेक्स में विद्यापीठ कोचिंग और चौकी चौराहा स्थित आकाश कोचिंग सेंटर पहुंची। वहां बेसमेंट, इमरजेंसी एग्जिट और सुरक्षा मानकों को बारीकी से चेक किया गया और लापरवाही को लेकर नोटिस देकर जवाब मांगने की बात कही गई। बीडीए टीम ने सिविल लाइंस स्थिति मॉल में भी चेकिंग की और जरूरी निर्देश दिए। इसके अलावा कई संस्थान संचालकों को सुरक्षा से जुड़ी खामियां जल्द दूर करने की हिदायत दी गई। जिन संस्थानों के पास फायर एनओसी नहीं या वैधता समाप्त हो चुकी है, उन्हें तत्काल आवश्यक प्रक्रिया पूरी करने को कहा गया है।
कंप्यूटर सेंटर और लाइब्रेरी भी जांच के घेरे में
रामपुर गार्डन स्थित विनटेक कंप्यूटर सेंटर और लाइब्रेरी में संयुक्त टीम के निरीक्षण के दौरान सुरक्षा की गंभीर खामियां उजागर हुई हैं। फर्स्ट फ्लोर पर संचालित इस संस्थान में छात्र-छात्राओं के आने-जाने के लिए महज एक बेहद संकरी सीढ़ी है, जो आपात स्थिति में बड़े हादसे का सबब बन सकती है। पूछताछ के दौरान संस्थान प्रबंधन न तो बीडीए की मंजूरी का नक्शा दिखा पाया और न ही उनके पास फायर विभाग की एनओसी थी। बिना किसी वैकल्पिक आपातकालीन निकास और जरूरी सुरक्षा दस्तावेजों के धड़ल्ले से चल रहे इस सेंटरों पर कार्रवाई की तैयारी की बात अफसरों ने कही है।
इन संस्थानों का किया गया निरीक्षण
अभियान के दौरान मैट्रिक्स जिम, कैलाश टावर, फिजिक्स वाला विद्यापीठ कोचिंग सेंटर, विशाल मेगामार्ट, आकाश कोचिंग सेंटर, चौकी चौराहा स्थित एलए सिटी सेंटर मॉल, रामपुर में महेन्द्रा कोचिंग, डिवाईन क्लासिस, तक्षशिला कोचिंग, विनटैक लाईब्रेरी, गुरूकुल क्लासिस, अरिहन्त क्लासिस सहित अन्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया।
जांच के बिंदु
-भवन का निर्माण प्राधिकरण से स्वीकृत मानचित्र के अनुसार किया गया है या नहीं।
-लिफ्ट सुरक्षा के निर्धारित नियमों और गाइडलाइंस के अनुरूप चल रही है या नहीं।
-संस्थानों के पास अग्शिमशन विभाग का वैध अनापत्ति प्रमाण पत्र मौजूद है या नहीं।
-आपात स्थिति को लेकर फायर अलार्म प्रणाली पूरी तरह काम कर रही है या नहीं।
-आग बुझाने वाले सिलेंडर चालू हालत में हैं, एक्सपायरी डेट तो नहीं निकली चुकी।
-हादसे या आपदा के वक्त सुरक्षित इमरजेंसी निकास की पर्याप्त व्यवस्था है या नहीं।
अनहोनी पर नोटिस-नोटिस, बाकी समय मौन
हर बार देखा जाता है कि दूसरी किसी जगह अग्निकांड और जनहानि की घटना सामने बाद बरेली महानगर में दो-चार दिन चेकिंग की मुहिम चलती नजर आती है, उसके बाद सब कुछ भुला दिया जाता है। पिछले दिनों दिल्ली के होटल में आग के बाद भी बरेली में विभागों ने नोटिस-नोटिस का खेल चला था। हालांकि, उसके बाद चेकिंग और कार्रवाई की मुहिम ठंडे बस्ते में डाल दी गई। अब लखनऊ की घटना सबक लेकर फिर शहर में विभागों की सक्रयिता नजर आ रही ही है। हालांकि, चेकिंग-एक्शन कब तक जारी जारी रहेगा,इसका आगे पता लगेगा।
जांच के आधार पर होता रहेगा एक्शन : वीसी
संयुक्त टीम ने संस्थानों का पूरा विवरण दर्ज करने के साथ निरीक्षण रिपोर्ट तैयार की। जांच रिपोर्ट संबंधित विभागों को सौंपी जाएगी, जिसके बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। शहर में चल रहे अन्य कोचिंग सेंटरों, लाइब्रेरी और शिक्षण संस्थानों की भी जांच जारी रहेगी। सुरक्षा में लापरवाही किसी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। -सौम्या पांडेय, बीडीए उपाध्यक्ष।
