मुरादाबाद: किसानों को पुलिस देगी नए कृषि कानून की जानकारी
मुरादाबाद,अमृत विचार। कृषि कानून के विरोध में किसानों द्वारा चल रहे आंदोलन को शांत कराने के लिए शासन से गाइड लाइन मिलने के बाद अफसरों ने अपने प्लान में फेरबदल कर ली है। पुलिस-प्रशासनिक अफसर अब खफा किसानों को समझाने के लिए गांधीगिरी का तरीका अपनाते हुए उनसे संवाद करेंगे। गांव-गांव जाकर वह किसानों से …
मुरादाबाद,अमृत विचार। कृषि कानून के विरोध में किसानों द्वारा चल रहे आंदोलन को शांत कराने के लिए शासन से गाइड लाइन मिलने के बाद अफसरों ने अपने प्लान में फेरबदल कर ली है। पुलिस-प्रशासनिक अफसर अब खफा किसानों को समझाने के लिए गांधीगिरी का तरीका अपनाते हुए उनसे संवाद करेंगे। गांव-गांव जाकर वह किसानों से सीधा संवाद करने के साथ ही उनको इस कानून के संबंध में जानकारी देंगे।
कानून के पक्ष व विपक्ष के किसानों के नाम-पते भी नोट करेंगे। इसके आधार पर थाना पुलिस अपनी रिपोर्ट आला अफसरों को सौपेगी। शासन से दिशा-निर्देश मिलने के बाद नोडल अधिकारी बनाए गए डा. भीमराव पुलिस आंबेडकर के एडीजी ने इस संबंध पर जिले के पुलिस-प्रशासनिक अफसरों के साथ लाइन में बैठक की।
मौजूदा समय में कृषि कानून के विरोध में किसान आंदोलित हैं। एक ओर जहां विभिन्न प्रदेशों के किसान दिल्ली में धरना प्रदर्शन कर रहे हैं तो विभिन्न किसान संगठन के पदाधिकारी सड़क पर उतरकर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। हाईवे जाम से लेकर कलेक्ट्रेट तक में धरना-प्रदर्शन कर चुके हैं। किसान संगठनों द्वारा दिल्ली कूच के आह्वान के बाद तो अब किसान हिंसात्मक होने लगे हैं। 22 दिसंबर को पीलीभीत और शाहजहांपुर समेत अन्य जिलों से दिल्ली कूच कर रहे किसानों ने जमकर हंगामा किया था।
मुरादाबाद एसएसपी प्रभाकर चौधरी व रामपुर एसपी शगुन गौतम पर खफा किसानों ने हमला बोल दिया था। काफी मशक्कत के बाद पुलिस ने किसी तरह से मामले को शांत कराया था। इसके बाद शासन ने किसानों को शांत कराने के लिए पहल शुरू कर दी।
नोडल अधिकारी बोले, बिल के संबंध में बताएं किसानों को
किसान आंदोलन के संबंध में शासन ने डा. भीमराव आंबेडकर के एडीजी राजीव कृष्ण को नोडल अधिकारी बनाया है। उन्होंने सोमवार को पुलिस लाइन में इस संबंध में पुलिस-प्रशासनिक अफसरों के साथ बैठक की। शासन की मंशा समझाते हुए उन्होंने कहा कि किसानों से आपसी संवाद कर उनको कानून के संबंध में जानकारी दी जाए। हर थाने में तैनात पुलिस कर्मी अपने क्षेत्र के राजस्व अफसरों के साथ गांव-गांव जाकर किसानों से बात करें और उनकी समस्याओं को नोट करें। उनकी रिपोर्ट के आधार पर अगली योजना के लिए शासन को पत्र भेजा जाएगा। इस मौके पर डीएम राकेश कुमार सिंह, एसएसपी प्रभाकर चौधरी, एसपी सिटी अमित कुमार आनंद, एएसपी अनिल कुमार यादव व सीओ कोतवाली इंदूभूषण समेत कई अफसर मौजूद रहे।
