अयोध्या में मछली भोज विवाद: योगी ने अजय राय पर साधा निशाना, इकबाल अंसारी ने भी कहा-सावन में मांस का सेवन ठीक नहीं

Amrit Vichar Network
Edited By Virendra Pandey
On

लखनऊ/अयोध्या : उत्तर प्रदेश के अयोध्या में श्रावस मास के दौरान निषाद समाज की एक बैठक में मछली पकाए जाने का कथित वीडियो सामने आने के बाद सियासी विवाद खड़ा हो गया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जहां प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय पर श्रावण मास में मछली भोज में शामिल होने का आरोप लगाया। इतना ही नही इस मामले पर बाबरी मस्जिद के पूर्व मुद्दई इकबाल अंसारी ने भी सवाल उठाया है। उन्होंने कहा कि अयोध्या धार्मिक नगरी है, सावन माह में पूजा-पाठ को महत्व दिया जाता हे। मांस, मछली का सेवन करने से बचना चाहिए।

वहीं, राय ने आरोप साबित होने पर इस्तीफा देने की चुनौती दी। अजय राय ने कहा है कि यदि उनकी मछली खाते हुये कोई तस्वीर सामने आती है तो वह इस्तीफा देने के लिए तैयार हैं।  

अयोध्या में रविवार को निषाद समाज ने राय के स्वागत में एक बैठक आयोजित की थी। आरोप है कि कार्यक्रम स्थल पर मछली पकाई गई, जिससे विवाद बढ़ गया, क्योंकि श्रावण मास में कई लोग धार्मिक कारणों से मांसाहार से परहेज करते हैं। राय हनुमानगढ़ी में हनुमान चालीसा का पाठ और राम मंदिर के दर्शन करने के बाद कार्यक्रम में पहुंचे थे। योगी ने रायबरेली में एक कार्यक्रम में राय के आचरण को लेकर तीखी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि राय हनुमानगढ़ी में दर्शन के बाद बाहर आकर "मछली की दावत" उड़ाते हैं और फिर राम-राम चिल्लाते हैं। दूसरी ओर, राय ने कहा कि अगर कोई ऐसी फोटो या वीडियो है, जिसमें वह मछली खाते हुए दिखाई दे रहे हैं, तो उसे सार्वजनिक किया जाए। उन्होंने कहा कि प्रमाण मिलने पर वह माफी मांगकर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे देंगे, लेकिन सबूत नहीं होने पर मुख्यमंत्री को इस्तीफा देना चाहिए।

कांग्रेस ने कहा कि मछली पकड़ना, पालना और बेचना निषाद समाज की जीवनशैली और संस्कृति का हिस्सा है। कांग्रेस प्रवक्ता पवन खेड़ा ने कहा कि कार्यक्रम के मेजबान निषाद समाज के लोग थे और उनकी अपनी खानपान की अपने परंपराएं हैं। उन्होंने दावा किया कि राय शाकाहारी हैं। प्रदेश भाजपा अध्यक्ष और केंद्रीय वित्त राज्यमंत्री पंकज चौधरी ने कार्यक्रम को लेकर कांग्रेस पर "सनातन का अपमान" करने का आरोप लगाया। उन्होंने पार्टी से संत समाज और देशवासियों से माफी मांगने की मांग की। योगी ने बिना नाम लिए प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष के भाई अवधेश राय की हत्या का भी जिक्र किया। उन्होंने आरोप लगाया कि अजय राय ने अपने भाई की हत्या के आरोपी माफिया के खिलाफ गवाही नहीं दी। अवधेश राय की 1990 के दशक में वाराणसी में गोली मारकर हत्या कर दी गई थी और मामले में मुख्तार अंसारी पर आरोप लगा था।

संबंधित समाचार