कानपुर आरटीओ में छापे के बाद पसरा सन्नाटा, कमरे अंदर से लॉक, 11 दलालों पर कार्रवाई के बाद बंद रहे शटर

Amrit Vichar Network
On

कानपुर RTO में सोमवार को प्रशासन की छापेमारी के बाद मंगलवार को दलालों में हड़कंप मचा रहा। 11 दलालों और एक आरटीओ बाबू के खिलाफ कार्रवाई के बाद दलालों की दुकानें बंद रहीं और लाइसेंस से जुड़े काउंटरों पर भी आम दिनों जैसी भीड़ नजर नहीं आई।

कानपुर, अमृत विचार। सोमवार को संभागीय परिवहन कार्यालय में दलालों पर शिकंजा कसने के लिए प्रशासनिक स्तर पर छापेमारी की गई थी जिसमें 11 दलालों और आरटीओ आफिस के एक बाबू के विरुद्ध कार्रवाई की गई है। जांच में कई प्रकार की गड़बड़ियां सामने आई हैं। जिस आरटीओ आफिस में सुबह से ही हजारों की भीड़ दिखाई देती थी, मंगलवार को आरटीओ आफिस में इतनी दहशत थी कि किसी दलाल के दुकान का शटर नहीं खुला और आरटीओ आफिस में कर्फ्यू जैसा सन्नाटा छाया रहा। 

मंगलार को आरटीओ आफिस के कर्मचारी प्रात:10 बजे के पहले ही अपनी सीट पर आकर बैठ गये और कामकाज शुरू कर दिया लेकिन कर्मियों ने अपने अपने कमरों को अंदर से लॉक कर लिया था ताकि कोई बाहरी व्यक्ति की इंट्री अंदर नहीं हो सके।

6

स्थाई लाइसेंस बायोमेट्रिक काउंटर, स्थाई लाइसेंस फीस काउंटर, स्थाई लाइसेंस प्रपत्र चेकिंग काउंटर, शिक्षार्थी लाइसेंस प्रपत्र चेकिंग काउंटर में प्रतिदिन लंबी लाइन लगती थी, लोगों को अपना नंबर आने का घंटों इंतजार करना पड़ता था लेकिन मंगलवार को इन सभी काउंटर पर एक भी आवेदक नहीं था। बिल्कुल सन्नाटा छाया रहा। सारथी भवन ग्राउंड पर भी सन्नाटा पसरा हुआ था। आरटीओ आफिस के बाहर दलाल माहौल का जायजा लेते रहे लेकिन अपनी दुकानें नहीं खोलीं। 

बाबू पर गिर सकती गाज, नाजमद एफआईआर 

आरटीओ आफिस में छापा मारने में अहम भूमिका निभाने वाले एडीएम सदर अनुभव सिंह ने बताया कि दलालों के अतिरिक्त आरटीओ बाबू के खिलाफ नामजद एफआईआर हुई है। पूरी रिपोर्ट जिलाधिकारी को सौंप देंगे। जांच के बाद जो दोषी मिलेगा, उसपर कार्रवाई होगी। इस संबंध में सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी प्रशासन आलोक कुमार सिंह का कहना है कि अभी कोई कागज नहीं आया है, पहले पूरा विवरण आये, तभी कुछ पता चलेगा।

यह भी पढ़ें:-कानपुर RTO में क्राइम ब्रांच का छापा, दोनों गेट बंद कर डाली घेराबंदी; ड्रोन से निगरानी, कई दलाल हिरासत में

 

संबंधित समाचार