अयोध्या: किसान कर रहे थे दिल्ली जाने की तैयारी, पुलिस ने नहीं आने दी ट्रेन पर चढ़ने की बारी, धरना
अयोध्या। केंद्र सरकार की ओर से बनाए गए तीन कृषि कानूनों के खिलाफ आंदोलन कर रहे किसानों के समर्थन में दिल्ली कूच कर रहे भारतीय किसान यूनियन के कार्यकर्ताओं को पुलिस ने ट्रेन पर नहीं चढ़ने दिया। आक्रोशित कार्यकर्ताओं ने मॉडल रेलवे स्टेशन के सामने धरना दिया और पंचायत की। किसानों ने कृषि कानूनों और …
अयोध्या। केंद्र सरकार की ओर से बनाए गए तीन कृषि कानूनों के खिलाफ आंदोलन कर रहे किसानों के समर्थन में दिल्ली कूच कर रहे भारतीय किसान यूनियन के कार्यकर्ताओं को पुलिस ने ट्रेन पर नहीं चढ़ने दिया। आक्रोशित कार्यकर्ताओं ने मॉडल रेलवे स्टेशन के सामने धरना दिया और पंचायत की। किसानों ने कृषि कानूनों और भाजपा सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
केंद्र की मोदी सरकार ने पुराने कानूनों में संशोधन कर 3 नए कृषि कानून बनाए हैं। किसान संगठन इन कानूनों को कृषि और किसान विरोधी बताते हुए आंदोलन कर रहे हैं और हजारों की तादात में किसानों ने देश की राजधानी दिल्ली की सीमा पर डेरा डाल रखा है। केंद्र सरकार से किसान संगठनों की आठ दौर की वार्ता हुई लेकिन अभी तक कोई सार्थक परिणाम नहीं निकल पाया है। आंदोलनकारी किसान जहां कृषि कानूनों को वापस लेने की मांग पर अड़े हैं वहीं सरकार नए कानूनों को वापस लेने के मूड में नहीं है।
शुक्रवार को भारतीय किसान यूनियन के तमाम कार्यकर्ता दिल्ली की सीमा पर कृषि कानूनों के खिलाफ आंदोलन कर रहे किसानों के समर्थन में दिल्ली कूच के लिए मॉडल रेलवे स्टेशन फैजाबाद पहुंचे तो मामले की सूचना पर पुलिस और प्रशासनिक अमला हरकत में आ गया। पुलिस और प्रशासन ने भारतीय किसान यूनियन के कार्यकर्ताओं को फैजाबाद दिल्ली एक्सप्रेस ट्रेन पर सवार होने से रोक दिया। रोके जाने को लेकर धक्का-मुक्की और बहस हुई तथा नारेबाजी शुरू हो गई।
हालांकि काफी मान मनौव्वल के बाद कार्यकर्ता शांत हो गए। पुलिस प्रशासन ने सभी को रेलवे स्टेशन के बाहर कर दिया। बॉर्डर रेलवे स्टेशन के बाहर किसान यूनियन कार्यकर्ताओं ने जिला अध्यक्ष सूर्यनाथ वर्मा की अध्यक्षता और जिला सचिव शंकर पाल पांडेय के संचालन में पंचायत की।
यूनियन के राष्ट्रीय सचिव घनश्याम वर्मा ने कहा कि मोदी सरकार का कानून कृषि और किसान विरोधी है। इस काले कानून को खत्म किए जाने तक किसानों का आंदोलन जारी रहेगा। किसान पूंजीपति और व्यापारियों को कालाबाजारी की पूरी छूट नहीं देने देंगे। उन्होंने सभी किसानों से एकजुट होकर आंदोलन को सफल बनाने की अपील की।
सपा नेता को भी पुलिस ने रोका
आंदोलित किसानों के समर्थन में दिल्ली कूच कर रहे समाजवादी पार्टी के नेता दिव्यांग समरजीत को पुलिस ने रोडवेज के पास रोक दिया। पंडित समरजीत अपनी ट्राई साइकिल से दिल्ली रवाना होने के लिए निकले थे। रोके जाने के बाद सपा नेता ने राष्ट्रपति को संबोधित एक ज्ञापन पुलिस प्रशासन को सौंपा है जिसमें राष्ट्रपति से काले कृषि कानून को खत्म करने की मांग की गई है।
