बरेली: अवैध कट नहीं बंद, कैसे हो सड़क सुरक्षा
बरेली, अमृत विचार। सड़क सुरक्षा माह में अवैध कट भी बाधा बन रहे हैं। सड़क सुरक्षा यानी यातायात माह के दौरान यातायात में बाधा और हादसों का कारण बनने वाले अवरोधकों को भी दूर करना है। शासन ने भी सड़क पर अवैध कट को बंद करने के निर्देश दिए हैं। बरेली शहर की बात करें …
बरेली, अमृत विचार। सड़क सुरक्षा माह में अवैध कट भी बाधा बन रहे हैं। सड़क सुरक्षा यानी यातायात माह के दौरान यातायात में बाधा और हादसों का कारण बनने वाले अवरोधकों को भी दूर करना है। शासन ने भी सड़क पर अवैध कट को बंद करने के निर्देश दिए हैं। बरेली शहर की बात करें तो यहां कोई ऐसी सड़क नहीं है जिसमें कुछ मीटर की दूरी पर अवैध कट न हो। कोई कट नेता के लिए तो कोई किसी अन्य रसूखदार के लिए बनाया गया है। अवैध कट बंद करने के लिए ट्रैफिक पुलिस ने कई बार प्रयास किए लेकिन हर बार प्रयास बेकार ही गए।
चौकी चौराहा से पटेल चौक तक की दूरी करीब एक किलोमीटर है। इस रास्ते पर 11 जगह कट हैं। कई साल पहले ट्रैफिक पुलिस ने अवैध कट बंद करने की सूची नगर निगम को दी थी लेकिन कट बंद नहीं हो सके। इस रोड पर बटलर प्लाजा के सामने ही दो कट हैं। उसके बाद दो कट पेट्रोल पंप के लिए खोले गए हैं जबकि नियम है कि पेट्रोल पंप के सामने किसी तरह के कट नहीं होने चाहिए। बटलर प्लाजा के सामने कुछ दिनों पहले ही कट बंद करने को लेकर व्यापारी हंगामा कर चुके हैं।
इसी तरह से पीलीभीत बाईपास की बात करें तो करीब 4 किलोमीटर के एरिया में 20 से अधिक कट होंगे। इसके अलावा कई जगह चौराहे व तिराहे भी हैं। इसी तरह से खुर्रम गौटिया के सामने रास्ते को वन-वे तो किया गया लेकिन कई जगह कट बना दिए गए। इन कटों को भी बंद करने का प्रयास किया गया लेकिन कट बंद होने पर हंगामा कर दिया गया।
इसी तरह से मिनी बाईपास, किला रोड समेत शहर के अन्य हिस्सों में 100 या 200 मीटर की दूरी पर ही कट बने हुए हैं। इन अवैध कटों की वजह से अचानक वाहन सामने से आ जाता है जिससे हादसे का खतरा बना रहता है। पटेल चौक से चौकी चौराहा और कचहरी से जंक्शन तक की सड़क की बात करें तो इसका डिवाइडर काफी ऊंचा बना हुआ है। इसकी वजह से सड़क के दूसरी तरफ से कट से आने वाला वाहन दिखाई ही नहीं देता है। पहले भी कई बार हादसे हो चुके हैं। कई जगह तो कट किसी शोरूम वाले के लिए बनाया गया है तो कहीं पर किसी नेता की कोठी की वजह से। कुछ शादी हॉल तो कुछ पेट्रोल पंप के लिए कट खोले गए हैं।
कट बने लेकिन संकेतक नहीं
शहर की सड़कों पर अवैध कट तो हटाए नहीं जा रहे बल्कि हादसों को रोकने के लिए इनके पास संकेतक भी नहीं लगाए जा रहे हैं। जब भी कोई कट सड़क पर होता है तो रिफ्लेक्टर या संकेतक लगाए जाते हैं ताकि वाहन चालक को पता चल सके। सबसे ज्यादा दिक्कत रात में होती है। पीलीभीत रोड पर कई बार हादसे हो चुके हैं। इसके बावजूद कोई इंतजाम नहीं किए गए हैं। इसके अलावा भी लोगों ने डिवाइडर तोड़कर भी अपनी सुविधा के लिए कट बना दिए हैं। कहीं पर बाइक निकाली जा रही है तो कहीं अन्य वाहन भी निकाले जा रहे हैं।
