बरेली: पहले दिव्यानंद फिर आरती की हत्या कर पेड़ पर लटकाए शव

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Edited By Amrit Vichar
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अमृत विचार, बरेली। दिव्यानंद और आरती के प्रेम प्रसंग की खबर घरवालों को पहले से ही थी। गुरुवार को जब परिजनों ने दोनों के एक साथ होने की खबर सुनी तो उनका खून खौल उठा। सभी पूरी तैयारी से खेत पर पहुंचे और सबसे पहले दिव्यानंद की डंडों से पिटाई शुरू कर दी। इसके बाद …

अमृत विचार, बरेली। दिव्यानंद और आरती के प्रेम प्रसंग की खबर घरवालों को पहले से ही थी। गुरुवार को जब परिजनों ने दोनों के एक साथ होने की खबर सुनी तो उनका खून खौल उठा। सभी पूरी तैयारी से खेत पर पहुंचे और सबसे पहले दिव्यानंद की डंडों से पिटाई शुरू कर दी। इसके बाद उसकी हत्या कर दी। आरती ने भागकर जान बचाने का प्रयास किया तो उसे भी मार डाला। उसके बाद हत्या को आत्महत्या साबित करने के लिए दोनों के शव को पेड़ से लटका दिया गया लेकिन उनके शरीर पर चोटों के निशान, धूल से सने कपड़ों और चश्मदीद के बयान से पूरा राज खुल गया।

दिव्यानंद, ने बीए की पढ़ाई की है। वह रुद्रपुर में वाहन चलाने का काम करता था। कुछ दिनों पहले ही अपने गांव आया था। उसका आरती से काफी समय से प्रेम प्रसंग चल रहा था। वह अक्सर चोरी छिपे मिलते थे। इसकी खबर घरवालों को थी। घरवालों ने लड़की को समझाने का भी प्रयास किया था लेकिन वह नहीं मानी। गुरुवार को जब दिव्यानंद खेत में पानी लगा रहा था तो आरती भी उससे मिलने पहुंच गई। दोनों को एक साथ परिवार के किसी सदस्य ने देख लिया तो पिता को सूचना दे दी।

इसके बाद पिता का पारा चढ़ गया। वह अपने भाई, बेटे व अन्य के साथ खेत पर पहुंचे और दिव्यानंद की पिटाई शुरू कर दी। दिव्यानंद ने अपनी जान बचाने की कोशिश की लेकिन चार लोगों के सामने वह अकेला पड़ गया। जब वह पिटाई से नहीं मरा तो उसका गला घोंट दिया गया। जिस वक्त दिव्यानंद की हत्या हो रही थी तो आरती भी मौजूद थी। उसने दिव्यानंद की जान बख्श देने के लिए कहा लेकिन गुस्से में परिजनों ने उसकी भी पिटाई शुरू कर दी।

उसने भागकर जान बचाने की कोशिश की लेकिन उसे भी मार दिया। उसके बाद दो अलग-अलग रस्सियों से उनके गले में फंदा डाल दिया गया। एक टहनी से दिव्यानंद और दूसरी टहनी से आरती के शव को पेड़ से लटका दिया गया। रस्सी को पेड़ से इस तरह से बांधा ताकि लगे कि दोनों ने प्रेम प्रसंग में नाकाम होने पर आत्महत्या कर ली होगी। दिव्यानंद के चाचा राम गुलाम ने बताया कि गुरुवार को दिव्यानंद जब अपने खेत पर पानी लगा रहा था तब लड़की का पिता तेजराम अपने साथियों के साथ वहां पहुंच गया। लगभग 2:30 बजे उसे उठाकर अपने खेत पर ले आये। यहां आरती को फोन कर बुला लिया। इसके बाद दोनों की हत्या कर दी।

दोनों को खेत में घसीटा गया
दिव्यानंद और आरती ने अपनी जान बचाने के लिए काफी मिन्नतें कीं। दोनों ने बचने का भी प्रयास किया लेकिन दोनों को घेरकर मारा गया। उन्होंने बचने की कोशिश की तो उन्हें खेत में घसीटा भी गया। उनके शरीर पर चोट के निशान और धूल से सने कपड़े यही बयां कर रहे हैं। गिरफ्त में आए आरोपियों ने भी पिटाई और गला दबाकर हत्या की बात कबूल की है। पुलिस पिता व चाचा की गिरफ्तारी के प्रयास कर रही है। इसके लिए तीन टीमें बनाई गई हैं।

पैनल से कराया जाएगा पोस्टमार्टम
पुलिस पूछताछ में सामने आया है कि दोनों की गला दबाकर हत्या की गई। उससे पहले दोनों की पिटाई की गई। दोनों का शुक्रवार को पोस्टमार्टम होगा। एसएसपी ने बताया कि उनका पोस्टमार्टम पैनल से कराया जाएगा और वीडियो रिकार्डिंग भी की जाएगी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में साफ हो जाएगा कि मौत गला दबाने से हुई या पिटाई से।

कॉल डिटेल भी खंगालेगी पुलिस
प्रेमी जोड़े की हत्या के बाद पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि दोनों का प्रेम प्रसंग कब से चल रहा था। अभी तक परिजन इस बारे में खुलकर नहीं बता रहे हैं। पुलिस दोनों के मोबाइल नंबर की भी डिटेल निकालेगी। इससे पता चल जाएगा कि दोनों कब से संपर्क में थे। क्या गुरुवार को दोनों के मिलने की पहले से कोई बात हुई थी या फिर दोनों मिलने पहुंच गए।

मुझे बताया कि तुम्हारे लड़के को मार रहे हैं
रामगुलाम ने बताया कि उन्हें किसी ने बताया कि उनके लड़के को मार रहे हैं। इंजन बंद कर दिया है। जब हम खेत पर पहुंचे तो देखा कि आरती को डनलप से उतारकर उसके शव को पेड़ से टांग रहे हैं। पता नहीं कौन सी पुरानी दुश्मनी में मार दिया भतीजे को। भतीजे को इंजन से पकड़कर लाए और मार दिया। लोगों ने देखा लेकिन डर के मारे में कुछ बोला नहीं। मुझे फोन पर सूचना दी। लड़की भाग गई थी। उसे बाद में ही मारकर टांगा है।

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