लखनऊ: यूएटी में सामने आ रहीं कमियां, उपभोक्ता परिषद ने की स्मार्ट मीटर उतारने की मांग
लखनऊ, अमृत विचार। स्मार्ट मीटर उपभोक्ताओं और बिजली कंपनियों के लिए मुसीबत बन चुका है। स्मार्ट मीटर परियोजना की यूएटी (यूजर एक्सेप्टेंस टेस्ट) में बहुत सी कमियां सामने आई हैं। इन कमियों के आने से विभाग में हड़कंप मच गया है। अब बिजली और मीटर कंपनियों पर कार्रवाई की मांग की जा रही है। इससे …
लखनऊ, अमृत विचार। स्मार्ट मीटर उपभोक्ताओं और बिजली कंपनियों के लिए मुसीबत बन चुका है। स्मार्ट मीटर परियोजना की यूएटी (यूजर एक्सेप्टेंस टेस्ट) में बहुत सी कमियां सामने आई हैं। इन कमियों के आने से विभाग में हड़कंप मच गया है। अब बिजली और मीटर कंपनियों पर कार्रवाई की मांग की जा रही है। इससे स्मार्ट मीटर खरीद-फरोख्त में शामिल अभियंताओं में कार्रवाई का डर सता रहा है।
इस पूरे पूरे मामले को लेकर मंगलवार को उ.प्र. राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद के अध्यक्ष अवधेश कुमार वर्मा ने ऊर्जा मंत्री श्रीकान्त शर्मा से शक्ति भवन स्थित कार्यालय में मुलाकात की। इस दौरान मंत्री को एक ज्ञापन सौंपते हुए मांग उठायी की अब यूजर एक्सेप्टेंस टेस्ट यूएटी में पूर्णतया पास न होने के बाद सरकार को ईईएसएल के खिलाफ कठोर से कठोर कदम उठाए और सरकार यह परियोजना बंद करे। साथ ही लगभग 12 लाख स्मार्ट मीटर को उतरवाना चाहिए। जिससे उपभोक्ताओ का विश्वास बना रहे।
इसके साथ ही उन्होंने कहा कि पूरे प्रदेश में बिना यूएटी (यूजर एक्सेप्टेंस टेस्ट) किए बिना ही लगभग 12 लाख स्मार्ट मीटर पूरे प्रदेश में लगवा दिए गये जो केंद्रीय विद्युत प्राधिकरण द्वारा जारी स्मार्ट मीटर गाइड लाइन का उलंघन भी है।
पावर कार्पोरेशन प्रबंधन के निर्देश पर मध्यांचल प्रबंध निदेशक की अध्यक्षता में बनी 9 सदस्यों वाली यूएटी (यूजर एक्सेप्टेंस टेस्ट) कमेटी की रिपोर्ट में बड़ा खुलासा हुआ है। स्मार्ट मीटर परियोजना में सॉफ्टवेयर से लेकर एचईएस एमडीएम सिक्योरिटी मीटर सहित यूएटी में लगभग 775 टेस्ट किए गये। जिसमे केवल स्मार्ट मीटर परियोजना यूएटी 462 टेस्ट ही पास कर पाई। यानि केवल 60 प्रतिशत यूएटी टेस्ट पास कर पाई। जबकि 95 प्रतिशत टेस्ट पास होना जरूरी होता है।
वहीं, 35 से 40 प्रतिशत यूएटी टेस्ट में भारी कमियां सामने आई है। यूएटी 189 टेस्ट मे बहुत कमियां है और उस पर बहुत काम होना है। आरएफपी के बाहर की बात करे तो खुद ईईएसएल मान रहा केवल 52 अतरिक्त आवश्यकता है। ऐसे में 60 प्रतिशत केवल टेस्ट यूएटी पास होना बड़ा सवाल है।
वही दूसरी ओर यह देखना है कि टेस्ट कब तक चलता है, यह रिपोर्ट फिलहाल तीन फरवरी को अब तक तक की किये गये टेस्ट पर आधारित है। दूसरी ओर मंत्री श्रीकांत शर्मा ने अबिलम्ब उपभोक्ता परिषद् के जनहित प्रस्ताव पर चेयरमैन पावर कार्पोरेशन को परीक्षण कर कार्रवाई करने का निर्देश दिया है।
