हल्द्वानी: लाखों के कर्ज में डूबे थे प्रॉपर्टी डीलर
हल्द्वानी, अमृत विचार। प्रॉपर्टी डीलर नवल कारोबार में नुकसान से जूझ रहे थे। वह बाजार में लाखों के कर्ज में डूबे हुए थे। कोराना लॉकडाउन के चलते प्रॉपर्टी कारोबार भी मंदा चल रहा था। प्रथमदृष्टया माना जा रहा है कि कर्ज के जाल में फंसकर ही उन्होंने आत्मघाती कदम उठा लिया होगा। हालांकि पुष्ट नतीजे …
हल्द्वानी, अमृत विचार। प्रॉपर्टी डीलर नवल कारोबार में नुकसान से जूझ रहे थे। वह बाजार में लाखों के कर्ज में डूबे हुए थे। कोराना लॉकडाउन के चलते प्रॉपर्टी कारोबार भी मंदा चल रहा था। प्रथमदृष्टया माना जा रहा है कि कर्ज के जाल में फंसकर ही उन्होंने आत्मघाती कदम उठा लिया होगा। हालांकि पुष्ट नतीजे तक पहुंचने के लिए पुलिस की जांच-पड़ताल जारी है। इसके तहत मृतक की कॉल डिटेल, बैंक खाते खंगालने के साथ ही लेनदेन का ब्योरा जुटाया जा रहा है।
मुखानी पुलिस की प्राथमिक जांच में प्रॉपर्टी डीलर के कर्ज के जाल में फंसने की जानकारी मिली है। पुलिस के अनुसार नवल के ऊपर बाजार में कम से कम 35 लाख की देनदारी थी। परिजनों और मित्रों ने भी इसकी पुष्टि की है। मृतक के पिता का कहना है कि नवल अपने कारोबार को लेकर पिछले काफी दिनों से तनाव में थे। हालांकि अभी तक यह साफ नहीं हुआ है कि डीलर पर किस-किस की कितनी देनदारी थी और कर्ज की वजह क्या थी।
मृतक 9 फरवरी से लापता थे। तीन दिन तक वह कहां और किसके संपर्क में रहे, यह भी जांच का विषय है। इसके लिए कॉल डिटेल के साथ ही सर्विलांस लोकेशन भी खंगाली जा रही है। एसओ सुशील कुमार ने बताया कि मृतक की गुमशुदगी के जांच अधिकारी दारोगा महेश जोशी इसकी तहकीकात कर रहे हैं। यह भी देखा जा रहा है कि कर्ज वसूली के लिए डीलर पर दबाव तो नहीं बनाया जा रहा था।
हंसते-खेलते परिवार की खुशियों पर प्रॉपर्टी कारोबार का ग्रहण
हल्द्वानी। नवल के हंसते-खेलते परिवार को प्रॉपर्टी डीलिंग के कारोबार का ग्रहण लग गया। कोरोना लॉकडाउन के चलते प्रॉपर्टी डीलिंग का कारोबार पिछले साल भी से मंदा चल रहा था। जबकि खर्चे जस के तस थे। नवल अपनी मौत के बाद पिता नैन सिंह बिष्ट, मां आनंदी देवी, पत्नी हंसा और दो बेटों हर्षित व उत्सव को रोता-बिलखता छोड़ गए। उनकी मौत से निकट संबंधी और मित्र गमगीन हैं।
