बरेली: जो दीवार पर पोस्टर लगाए उसका सामान मत खरीदो
अमृत विचार, बरेली। स्वच्छता सर्वेक्षण 2021 चल रहा है। नगर निगम द्वारा स्वच्छता को लेकर तमाम अभियान चलाए जा रहे हैं लेकिन शहर के जो हालात हैं उससे तो नहीं लगता कि नगर निगम इसे लेकर गंभीर है। नगर निगम ने बरेली की जनता से ट्विटर पर एक अनोखी अपील करते हुए कहा है कि …
अमृत विचार, बरेली। स्वच्छता सर्वेक्षण 2021 चल रहा है। नगर निगम द्वारा स्वच्छता को लेकर तमाम अभियान चलाए जा रहे हैं लेकिन शहर के जो हालात हैं उससे तो नहीं लगता कि नगर निगम इसे लेकर गंभीर है। नगर निगम ने बरेली की जनता से ट्विटर पर एक अनोखी अपील करते हुए कहा है कि जो भी कंपनी या कारोबारी शहर की दीवारों पर गलत तरीके से पोस्टर चस्पा करे उसका सामान न खरीदें। निगम ने एक दीवार पर चस्पा पोस्टर की तस्वीर डालते हुए लोगों से कहा है कि वे ऐसे लोगों से सामान न खरीदें जो शहर को गंदा कर रहे हैं। वहीं, दूसरी ओर पूरा शहर विज्ञापनों के होर्डिंग, बैनर, पोस्टर से पटा पड़ा है। नगर निगम खुद विज्ञापन लेकर बड़े-बड़े होर्डिंग्स लगवा रहा है।
स्वच्छता सर्वेक्षण के लिए नगर निगम के साथ नागरिकों की भी जिम्मेदारी है। इसके लिए लोगों से कूड़ा इधर-उधर न फेंकने की अपील की जाती है। कूड़ा कूड़ेदान में डालने की नसीहत दी जाती है लेकिन शहर की जो गंदी तस्वीर सामने आती है उससे तो लगता नहीं कि कोई भी अपनी जिम्मेदारी के प्रति गंभीर है।
नगर निगम ने ट्वीट के जरिए जो अपील की है उसके तहत जो लोग आपके घर के आसपास दीवार और सरकारी संस्थानों की दीवारों पर पोस्टर चिपकाकर विज्ञापन करते हैं उनके यहां से सामान या सेवाएं कभी भी न लें। वह ऐसा करके आपके अपने शहर को गंदा कर रहे हैं। शहर में ऐसी कोई दीवार, डिवाइडर या अन्य जगह नहीं है जहां कोई न कोई प्रचार सामग्री न लिखी या चस्पा हो। इसकी वजह से लोगों को कई तरह की दिक्कतें होती हैं। ट्वीट के साथ जो फोटो पोस्ट की है उसमें दीवार पर पेंट से प्रचार सामग्री और प्रचार करने वाले के नंबर लिखे हुए हैं।
कूड़ेदान टूटे, बाहर फैला पड़ा है कूड़ा
नगर निगम की ओर से जगह-जगह छोटे-छोटे कूड़ेदान लगवाए थे। इसमें गीले और सूखे कूड़े के अलग-अलग डिब्बे थे लेकिन मौजूदा समय में उनकी हालत काफी खस्ता है। ज्यादातर कूड़ेदान टूटकर खराब हो गए हैं। कूड़ा नीचे पड़ा रहता है। इसी तरह से बड़े-बड़े डस्टबिन भी रखे गए हैं जिनसे कूड़ा इकट्ठा करके बाकरगंज में डाला जाता है लेकिन डस्टबिन के बाहर ही कूड़ा बिखरा पड़ा रहता है। लोग भी दूर से आकर कूड़ा फेंक देते हैं जिससे गंदगी और फैल जाती है। इसके अलावा भी जगह-जगह कूड़े के ढेर सड़क के किनारे ही पड़े रहते हैं। कोई भी कूड़ा नहीं उठाता है।
