बरेली: 100 छात्रों का बैच बनाकर ली जाएंगी प्रयोगात्मक परीक्षाएं
अमृत विचार, बरेली। एमेजपी रुहेलखंड विश्वविद्यालय ने एमएड और बीएड की परीक्षाओं की भी तैयारी शुरू कर दी है। परीक्षा नियंत्रक ने विश्वविद्यालय से संबद्ध सभी एमएड और बीएड महाविद्यालयों के प्राचार्यों से प्रयोगात्मक परीक्षाओं के लिए आंतरिक परीक्षकों की सूची मांगी है। प्रयोगात्मक परीक्षाएं अनुक्रमांकों के क्रम में 100 छात्रों के बैच बनाकर ली …
अमृत विचार, बरेली। एमेजपी रुहेलखंड विश्वविद्यालय ने एमएड और बीएड की परीक्षाओं की भी तैयारी शुरू कर दी है। परीक्षा नियंत्रक ने विश्वविद्यालय से संबद्ध सभी एमएड और बीएड महाविद्यालयों के प्राचार्यों से प्रयोगात्मक परीक्षाओं के लिए आंतरिक परीक्षकों की सूची मांगी है। प्रयोगात्मक परीक्षाएं अनुक्रमांकों के क्रम में 100 छात्रों के बैच बनाकर ली जाएंगी। महाविद्यालयों को 16 मार्च तक सूची उपलब्ध करानी होगी। आंतरिक परीक्षक वही बनेगा जिस शिक्षक को स्नातक या स्नातकोत्तर स्तर पर तीन वर्ष पढ़ाने का अनुभव हो।
एमएड और बीएड की परीक्षाएं स्नातक और स्नातकोत्तर की मुख्य परीक्षाओं के बाद होंगी। मुख्य परीक्षा के संस्थागत और व्यक्तिगत फार्म भरे जा रहे हैं। विश्वविद्यालय के तहत बीएड के करीब 150 और एमएड के 10 महाविद्यालय संचालित हो रहे हैं। इनमें करीब 20 हजार छात्र पढ़ते हैं।
परीक्षा नियंत्रक ने प्रवेशित छात्रों की संख्या के आधार पर बैच की संख्या और वरीयता चक्रानुसार आंतरिक परीक्षकों की सूची मांगी है। आंतरिक परीक्षकों की सूची आने के बाद आंतरिक और बाह्य परीक्षकों की संयुक्त सूची विश्वविद्यालय द्वारा महाविद्यालयों को भेजी जाएगी। यदि महाविद्यालय बिना अनुमति के कोई आंतरिक परीक्षक बनाकर परीक्षा कराता है तो छात्रों के अंक मान्य नहीं होंगे।
सेवानिवृत्ति के बाद मानदेय पर पढ़ा रहे शिक्षकों को आंतरिक परीक्षक नहीं बनाया जाएगा। जिन महाविद्यालयों में योग्य आंतरिक परीक्षक नहीं होंगे वहां विश्वविद्यालय द्वारा दूसरे महाविद्यालयों से परीक्षक नियुक्त कर भेजे जाएंगे।
