बरेली: मंत्री की फटकार भी बेअसर, अधूरी छोड़ रहे सड़कें
अमृत विचार, बरेली। नगर विकास मंत्री की फटकार के बाद अधिकारियों ने सेटेलाइट से श्यामगंज होते हुए कालाबाड़ी वाला रोड तो बना दिया है, लेकिन उसके बाद रोड को फिर से आधा अधूरा छोड़ दिया गया है। जबकि जल निगम यहां काफी पहले ही सीवर लाइन बिछाने के लिए सड़क की खुदाई करने के बाद …
अमृत विचार, बरेली। नगर विकास मंत्री की फटकार के बाद अधिकारियों ने सेटेलाइट से श्यामगंज होते हुए कालाबाड़ी वाला रोड तो बना दिया है, लेकिन उसके बाद रोड को फिर से आधा अधूरा छोड़ दिया गया है। जबकि जल निगम यहां काफी पहले ही सीवर लाइन बिछाने के लिए सड़क की खुदाई करने के बाद उसका मिट्टी से पटान भी करा चुका है लेकिन यहां हॉटमिक्स लेयर बिछाने का काम पूरा नहीं हुआ है।
इधर चौकी चौराहे से गांधी उद्यान के बीच भी सड़क का यही हाल है। यहां मिट्टी से पटान के बाद उस पर पत्थर भी काफी पहले डाले जा चुके हैं। ऐसे में यहां सड़क के एक ही तरफ में दोनों ही ओर से वाहनों के गुजरने से हादसे का खतरा बना हुआ है।
अमृत योजना के तहत शहर के विभिन्न हिस्सों में सीवर लाइन बिछाने का काम चल रहा है लेकिन कार्यदायी संस्था और ठेकेदार समय से खोदी जाने वाली सड़क की मरम्मत नहीं कर रहे हैं। ऐसे में शहर में यातायात की व्यवस्था अस्त-व्यस्त हो गई है। कुछ दिन पहले आए नगर विकास एवं शहरी समग्र विकास मंत्री आशुतोष टंडन ने इस स्थिति पर अधिकारियों की क्लास लगाते हुए सड़क मरम्मत में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के निर्देश दे दिए थे।
इसके बाद आनन-फानन में सेटेलाइट से श्यामगंज होते हुए कालीबाड़ी में बरेली कॉलेज के गेट तक सड़क का निर्माण करा दिया गया लेकिन उसके आगे सड़कों को बनाने के लिए अधिकारियों का रवैया फिर से पुराने ढर्रे पर आ गया है।
हालत यह है कि नगर निगम से चौपुला, अयूब खां सहित कई जगहों पर सीवर लाइन बिछाने के लिए सड़क की खुदाई कर उसे ऐसे ही छोड़ दिया गया है। इसके अलावा चौकी चौराहे से गांधी उद्यान और आगे बियावानी कोठी तक भी खोदी गई सड़क पर मिट्टी और पत्थर से पटान तो कर दिया गया है लेकिन उस पर हॉटमिक्स की लेयर नहीं बिछाई जा रही है।
ऐसे में राहगीरों को सबसे ज्यादा दिक्कत चौकी चौराहा से गांधी उद्यान होते हुए बियावानी कोठी तक उठानी पड़ रही है। यहां पर सड़क के एक साइड में ही दोनों ही तरफ के वाहनों के निकलने से अक्सर जाम की समस्या बनी रहती है। यही हाल शहर की तमाम दूसरी सड़कों का भी है। यहां भी सीवर लाइन बिछाने के बाद खस्ताहाल सड़कों की मरम्मत नहीं कराई जा रही है।
