बाढ़ प्रभावित इलाके अचानक हो गई उद्धव और फडनवीस की मुलाकात, जानिए क्या कुछ हुआ फिर खास…
कोल्हापुर। बाढ़ प्रभावित जिले के दौरे पर आये महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे और पूर्व मुख्यमंत्री देवेंद्र फडनवीस को कोल्हापुर में एक-दूसरे का अभिवादन करते हुए देखा गया। दोनों शुक्रवार को अलग-अलग इलाकों का दौरा कर रहे थे लेकिन बाढ़ प्रभावित एक इलाके में उनकी मुलाकात हो गयी। ठाकरे ने कहा कि लोगों का पुनर्वास …
कोल्हापुर। बाढ़ प्रभावित जिले के दौरे पर आये महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे और पूर्व मुख्यमंत्री देवेंद्र फडनवीस को कोल्हापुर में एक-दूसरे का अभिवादन करते हुए देखा गया। दोनों शुक्रवार को अलग-अलग इलाकों का दौरा कर रहे थे लेकिन बाढ़ प्रभावित एक इलाके में उनकी मुलाकात हो गयी। ठाकरे ने कहा कि लोगों का पुनर्वास ही बाढ़ से होने वाली कठिनाइयों का एकमात्र समाधान है।
उन्होंने आश्वासन दिया कि उनकी सरकार इस मोर्चे पर हर संभव मदद करेगी। बाढ़ प्रभावित लोगों से उनके पुनर्वास के बारे में एक साथ बैठकर निर्णय लेने का आग्रह किया, उन्होंने ऐसे गांवों को सर्वसम्मति से इस संबंध में एक प्रस्ताव पारित करने के लिए भी कहा।
ठाकरे ने बाढ़ प्रभावित कोल्हापुर जिले में मूसलाधार बारिश और बाढ़ से हुए नुकसान का जायजा लेने के लिए अपने दौरे के दौरान कहा कि उनकी सरकार राज्य में बाढ़ प्रभावित गांवों की स्थिति का स्थायी समाधान खोजने की इच्छुक है। उन्होंने शिरोल तहसील के एक गांव में अस्थायी आश्रयों में रहने वाले प्रभावित लोगों के साथ बातचीत करते हुए कहा कि यदि पूरा गांव पुनर्वास के लिए तैयार है, तो राज्य सरकार उन्हें इस प्रक्रिया के लिए आवश्यक सभी सहायता प्रदान करेगी।
उन्होंने कहा कि बाढ़ के कारण होने वाली लगातार कठिनाइयों का पुनर्वास ही एकमात्र समाधान है। आप बाढ़ प्रभावित गांवों के लोग पुनर्वास के बारे में बैठकर फैसला करें और हम मदद मुहैया कराएंगे। गौरतलब है कि भारी बारिश और बाढ़ के कारण लगभग 213 लोगों की मौत हो गयी और हजारों लोगों को बचाया गया।
कोंकण, कोल्हापुर और सांगली जिला में सबसे अधिक नुकसान हुआ है। अधिकारियों ने पहले बताया था कि कोल्हापुर जिला में 36615 परिवारों को सुरक्षित स्थान पर ले जाया गया। बारिश और बाढ़ के कारण लगभग 243 करोड़ रुपये का नुकसान आंका गया है।
