हल्द्वानी: इस साल जुलाई तक हुए 328 सड़क हादसे, 299 हादसों का कारण रही रफ्तार
गौरव पांडेय,अमृत विचार, हल्द्वानी। वाहन की तेज रफ्तार सड़क हादसों का सबब बनी है। इस साल जुलाई तक कुमाऊं में 328 सड़क हादसे हो चुके हैं। इनमें से 299 हादसों की जिम्मेदार तेज रफ्तार ही रही। तेज रफ्तार सड़क हादसों के एक बड़े कारण के रूप में सामने आया है। अभी तक हुए हादसों में …
गौरव पांडेय,अमृत विचार, हल्द्वानी। वाहन की तेज रफ्तार सड़क हादसों का सबब बनी है। इस साल जुलाई तक कुमाऊं में 328 सड़क हादसे हो चुके हैं। इनमें से 299 हादसों की जिम्मेदार तेज रफ्तार ही रही। तेज रफ्तार सड़क हादसों के एक बड़े कारण के रूप में सामने आया है। अभी तक हुए हादसों में 193 लोगों की जान जा चुकी है। जबकि 244 लोग घायल हो चुके हैं। 10 हादसे गलत दिशा और पांच ओवरटेक के चलते हुई हैं। सड़क हादसों में ऊधमसिंह नगर टॉप पर जबकि नैनीताल दूसरे स्थान पर है।
ओवरस्पीड में 28 हजार से अधिक चालान
हल्द्वानी। पुलिस गुजरे साढ़े चार सालों के दौरान ओवरस्पीड में 28 हजार से अधिक चालान काट चुकी है। पुलिस ने ही वर्ष 2017 से लेकर इस वर्ष जून तक 28090 वाहनों के चालान काटे। यानी हर साल सात हजार से अधिक चालान ओवरस्पीड में काटे गए।
जिला हादसे मौत घायल
ऊधमसिंहनगर 200 139 111
नैनीताल 104 42 89
अल्मोड़ा 13 9 34
बागेश्वर 2 0 1
चम्पावत 6 2 6
पिथौरागढ़ 3 0 3
ओवरस्पीड के चलते तमाम सड़क हादसे हो चुके हैं। पुलिस हादसों की रोकथाम के लिए समय-समय पर कार्रवाई करती है। ओवरस्पीड पर वाहनों चालकों के चालान काटे जाते हैं। सड़क सुरक्षा को लेकर जागरुकता अभियान चलाया जाता है।
– अजय रौतेला, आईजी, कुमाऊं
