इंग्लैंड के पूर्व कप्तान टेड डेक्स्टर का निधन, मैच में काली पट्टी पहनकर उतरे इंग्लैंड के खिलाड़ी

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लंदन। इंग्लैंड के पूर्व कप्तान टेड डेक्स्टर का बीमारी के बाद वोल्वरहैंपटन में निधन हो गया। मेरिलबोन क्रिकेट क्लब (एमसीसी) ने गुरुवार को यह जानकारी दी। वह 86 बरस के थे। एमसीसी ने कहा, ”हाल में बीमारी के बाद कल दोपहर वोल्वरहैंपटन के कॉम्पटन होसपाइस में उनका निधन हो गया। इस दौरान उनका परिवार उनके …

लंदन। इंग्लैंड के पूर्व कप्तान टेड डेक्स्टर का बीमारी के बाद वोल्वरहैंपटन में निधन हो गया। मेरिलबोन क्रिकेट क्लब (एमसीसी) ने गुरुवार को यह जानकारी दी। वह 86 बरस के थे।

Ted Dexter: Former England international cricketer dies aged 86 | UK News |  Sky News

एमसीसी ने कहा, ”हाल में बीमारी के बाद कल दोपहर वोल्वरहैंपटन के कॉम्पटन होसपाइस में उनका निधन हो गया। इस दौरान उनका परिवार उनके साथ मौजूद था।” मध्यक्रम के बल्लेबाज और मध्यम तेज गति के गेंदबाज डेक्सटर ने 1958 से 1968 के बीच 62 टेस्ट खेले और इस दौरान 30 मैचों में टीम की अगुआई की।

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उन्होंने 47.89 के औसत से 4502 रन बनाने के अलावा 66 विकेट भी चटकाए। तेज गेंदबाजी के खिलाफ दबदबा बनाने के लिए पहचाने जाने वाले डेक्स्टर ने नौ शतक जड़े जिसमें से छह पारियां 140 रन से अधिक की रहीं। इस साल उन्हें आईसीसी (अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद) क्रिकेट हाल आफ फेम में शामिल किया गया था। डेक्स्टर एमसीसी के अध्यक्ष भी रहे।

संन्यास के बाद डेक्स्टर ने पत्रकार और प्रसारणकर्ता की भूमिका निभाई। वह इंग्लैंड के चयन समिति के अध्यक्ष भी रहे। उन्होंने खिलाड़ियों की रैंकिंग प्रणाली तैयार करने में भी अहम भूमिका निभाई जिससे बाद में आईसीसी ने अपनाया और अब इसे एमआरएफ टायर्स आईसीसी खिलाड़ी रैंकिंग के नाम से जाना जाता है।

डेक्सटर ने 1956 से 1968 तक अपने प्रथम श्रेणी करियर में 21000 से अधिक रन बनाने के अलावा 419 विकेट चटकाए। आईसीसी ने डेक्स्टर के निधन पर शोक जताया है। आईसीसी के कार्यवाहक मुख्य कार्यकारी अधिकारी ज्यौफ अलार्डिस ने कहा, ”टेड डेक्सटर अपने युग के सबसे पारंगत बल्लेबाजों में से एक थे।

तेज गेंदबाजी के खिलाफ दबदबा बनाने की उमकी क्षमता सराहनीय थी और वेस्टइंडीज तथा आस्ट्रेलिया की टीमों के खिलाफ उनकी शानदार बल्लेबाजी सभी को याद है।” उन्होंने कहा, ”संन्यास के बाद भी उन्होंने खेल में सराहनीय योगदान दिया और खिलाड़ियों की रैंकिंग तैयार करने में मदद की जो आज काफी लोकप्रिय है।”

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