लखनऊ: बापू भवन में एसीएस के निजी सचिव ने किया आत्महत्या का प्रयास
लखनऊ। अपर मुख्य सचिव नगर विकास, नगरीय रोजगार एवं गरीबी उन्मूलन विभाग के निजी सचिव विशंभर दयाल ने अपने कार्यालय में दोपहर में अपनी लाइसेंसी रिवाल्वर से खुद को गोली मार ली। गंभीर रुप से घायल विशंभर दयाल को लोहिया अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां उनकी हालत गंभीर बनी हुई है। घटना से पूरे …
लखनऊ। अपर मुख्य सचिव नगर विकास, नगरीय रोजगार एवं गरीबी उन्मूलन विभाग के निजी सचिव विशंभर दयाल ने अपने कार्यालय में दोपहर में अपनी लाइसेंसी रिवाल्वर से खुद को गोली मार ली। गंभीर रुप से घायल विशंभर दयाल को लोहिया अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां उनकी हालत गंभीर बनी हुई है। घटना से पूरे कार्यालय में हड़कंप मचा हुआ है। पुलिस को घटनास्थल से एक सुसाइट नोट भी मिला है।
पुलिस की मानें तो इसमें निजी सचिव ने लिखा है कि उनकी बहन का विवाह उन्नाव के औरास इलाके में रहने वाले एक युवक से हुआ था। बहन का ससुराल वालों से विवाद चल रहा था और इसको लेकर कई मुकदमें भी दर्ज कराए गए थ। जिसके चलते वह काफी परेशान थे,इसीलिए उन्होंने आत्महत्या का प्रयास किया। उन्होंने औरास पुलिस पर प्रताड़ित करने का आरोप भी सुसाइट नोट में लगाया है। इस मामले की जांच आईजी लक्ष्मी सिंह द्वारा की जा रही है।
बापू भवन के आठवें तल पर दोहपर में हुई इस घटना के बाद उन्हें गंभीर हालत में लोहिया अस्पताल में भर्ती कराया गया है। जहां डाक्टर उनके ऑपरेशन की तैयारी कर रहे हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल शासन व पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने बापू भवन पहुंचकर घटनास्थल की जांच पड़ताल की। जांच के लिए फोरेंसिक टीम को भी लगाया गया है।
वहीं सचिवालय में असलहा लेकर कर्मचारी ने प्रवेश कैसे किया इस बात की भी जांच की जा रही है। हालांकि अभी इस बात की पुष्टि नहीं हो पा रही है कि निजी सचिव ने अपनी जान लेने का प्रयास क्यों किया। जानकारों ने बताया कि निजी सचिव विशंभर दयाल करीब 1.30 बजे कार्यालय आए थे, उनके कमरे से 1.45 बजे गोली चलने की आवाज आई थी।
डीसीपी मध्य ख्याति गर्ग ने बताया कि दोपहर पौने दो बजे के आसपास अपर मुख्य सचिव के कक्ष से गोली चलने की आवाज सुनते ही पड़ोस के दफ्तर में काम कर रहे एक निजी सचिव उनके कक्ष में पहुंचे थे। कक्ष में खून से लथपथ हालत में विशंभर दयाल पड़े थे। जिसके बाद उन्होंने तत्काल मामले की जानकारी उच्च अधिकारियों और पुलिस को दी थी। उनका कहना है कि उन्होंने अपनी कपनटी पर रिवाल्वर सटाकर खुद को गाली मारी है। जिस असलहे से फायर हुआ है वह भी उनका लाइसेंसी रिवाल्वर लग रहा है। इसकी भी जांच की जा रही है।
फोन पर बात करने के बाद मारी गोली
निजी सचिव विशम्भर दयाल बीते काफी दिनों से तनाव में चल रहे थे। जानकारों ने बताया कि सोमवार दोपहर को कार्यालय आने के बाद उनके पास किसी व्यक्ति का फोन आया था। फोन पर बात करने के चंद मिनटों बाद ही उन्होंने इस घटना को अंजाम दिया है। आशंका यह भी जताई जा रही है कि मानसिक रूप से परेशान होने और अवकाश के दिन भी कार्यालय बुलाए जाने को लेकर वह अवसाद में थी। इसीलिए उन्होंने यह कदम उठाया है।
सर्जरी की हो रही तैयारी
निजी सचिव को गंभीर हालात में लोहिया अस्पताल में भर्ती कराया गया है। जहां उनकी हालात चिंताजनक बनी हुई है। उनके दाहिनी कनपटी पर गोली लगी है। लोहिया संस्थान के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक ने बताया कि निजी सचिव की हालात चिंताजनक बनी हुई है। उन्हें आईसीयू में भर्ती कराया गया है। प्रमुख सचिव ने भी मौके पर पहुंचकर उनकी हालत की जानकारी ली है। उनका सीटी स्कैन किया जा चुका है। न्यूरोसर्जन ने भी उनके स्वास्थ्य का परीक्षण कर लिया है। डाक्टरों की टीम उनका ऑपरेशन करने की तैयारी कर रही है।
सुरक्षा अधिकारियों पर भी गिरेगी गाज
सचिवालय में कोई भी आम या खास व्यक्ति असलहा लेकर दाखिल नहीं हो सकता है। जबकि निजी सचिव अपना लाइसेंसी असलहा लेकर कार्यालय में दाखिल हुए और खुद ही गोली मारकर आत्महत्या का प्रयास भी किया। अब यक्ष प्रश्न यह उठ रहा है कि प्रदेश के सबसे महत्वपूर्ण भवन में कर्मचारी आखिर असलहा लेकर गया कैसे। रिवाल्वर का अंदर जाना ही सचिवालय की सुरक्षा में लगे अधिकारियों की कार्यशैली पर प्रश्नचिन्ह खड़ा कर रहा है। बहरहाल पूरे मामले की जांच की जा रही है। देर रात तक इस मामले में कई अधिकारियों के ऊपर निलंबन की कार्रवाई होने की भी पूरी उम्मीद है।
