कुशीनगर: सड़क दुर्घटना में एक ही परिवार के तीन लोगों की मौत, पसरा मातम
कुशीनगर। गोरखपुर इलाज कराने जा रहे जनपद के रामकोला क्षेत्र के लाला छपरा गांव निवासी एक ही परिवार के पति, पत्नी और बच्ची समेत तीन लोगों की मौत से पूरे गांव में मातम छा गया है। घर में चीत्कार मची हुई है। परिजनों का बिलखना देख वहां हर किसी की आंखें भर आ रही हैं। …
कुशीनगर। गोरखपुर इलाज कराने जा रहे जनपद के रामकोला क्षेत्र के लाला छपरा गांव निवासी एक ही परिवार के पति, पत्नी और बच्ची समेत तीन लोगों की मौत से पूरे गांव में मातम छा गया है। घर में चीत्कार मची हुई है। परिजनों का बिलखना देख वहां हर किसी की आंखें भर आ रही हैं। गौरतलब है दोपहर के करीब तीन बज रहे थे जब खलील के मोबाइल की घंटी बजी और अचानक घर में चीख-पुकार से पूरे घर मे मातम पसर गया। बेटे, बहू व नातिन की मौत की खबर बताते बताते खलील बदहवास हो गए। शोर सुनकर पहुंचे आसपास के लोगों ने मुश्किल से उन्हें संभाला।
होश में आने पर खलील अपने बेटे की जिद के आगे सबकुछ हार जाने की बात कहते-कहते फफक पड़े। फारूक की मौत के बाद घर में सन्नाटा पसरा हुआ है। घर के लोग सदमे में हैं। रामकोला थानाक्षेत्र के लाला छपरा निवासी 35 वर्षीय फारुख बुधवार को बाइक से पत्नी और दो बच्चों के साथ गोरखपुर इलाज कराने जा रहे थे। अभी वह पिपराइच थानाक्षेत्र के जंगल सुभान अली चौराहे के पास पहुंचे ही थे कि एक टेंपो की चपेट में आने से फारुख, पत्नी नजमा खातून (32) और आठ वर्षीय बेटी नूरसमा गंभीर रूप से घायल हो गए जबकि पांच वर्षीय बेटा फैजल को हल्की चोट आई है।
मौजूद लोगों ने सभी घायलों को गोरखपुर मेडिकल कॉलेज भेजवाया, जहां फारूख, नजमा और नूरसमा की इलाज के दौरान मौत हो गई। उनके बेटे फैजल का अभी इलाज चल रहा है। फारुख की मां कमरुन नेशा ने बताया कि फारूक सउदी में टेलरिग का काम करते थे। दो माह पहले घर आए थे। तीन दिन पहले पत्नी फारुख के पिता खलील ने बताया कि इस संबंध में पिपराइच थाने में तहरीर दे दी गई है। गांव में मातम छाया हुआ है।
अम्मी-अब्बा को बुला दो…
हादसे में बाल-बाल बचा पांच साल का फैजल के आंखो के सामने ही उसके मा-बाप और बड़ी बहन मौत के मुंह में समा गए। एक झटके में ही उसकी दुनिया उजड़ गई। वह मासूम अपने माता-पिता व बहन की मौत से बेखबर था। डाक्टरों ने प्राथमिक इलाज के बाद उसे अस्पताल से छुट्टी दे दी। थाने में बैठा फैजल बार-बार अपने अम्मी-अब्बा को बुला रहा था पुलिस उसे समझा रही थी कि उसके मम्मी-पापा को चोट लगी है। इस वजह से अस्पताल में हैं, जल्दी आ जाएंगे। पुलिस बच्चे को खाने का सामान देकर बहलाने की कोशिश में लगी रही।
