हरदोई: नितिन अग्रवाल बने रहेंगे विधायक, नहीं खारिज होगी सदस्यता, जानें मामला
हरदोई। साल 2017 में समाजवादी पार्टी (सपा) से टिकट पर चुनाव जीतकर विधानसभा पहुंचने वाले विधायक नितिन अग्रवाल के भारतीय जनता पार्टी में शामिल होने पर नेता प्रतिपक्ष ने उनकी सदस्यता समाप्त करने के की मांग की थी। लेकिन अब नितिन अग्रवाल की सदस्यता समाप्त नहीं होगी। क्योंकि विधानसभा अध्यक्ष ने नेता प्रतिपक्ष की इस …
हरदोई। साल 2017 में समाजवादी पार्टी (सपा) से टिकट पर चुनाव जीतकर विधानसभा पहुंचने वाले विधायक नितिन अग्रवाल के भारतीय जनता पार्टी में शामिल होने पर नेता प्रतिपक्ष ने उनकी सदस्यता समाप्त करने के की मांग की थी। लेकिन अब नितिन अग्रवाल की सदस्यता समाप्त नहीं होगी। क्योंकि विधानसभा अध्यक्ष ने नेता प्रतिपक्ष की इस मांग को खारिज कर दी है।
बता दें कि सपा से भाजपा में आने के बाद नेता प्रतिपक्ष ने नितिन की विधानसभा की सदस्यता समाप्त करने के लिए एक याचिका डाली थी जिसे खारिज कर दिया गया। ऐसे में अब नितिन अग्रवाल की सदस्यता खत्म नहीं होगी। नेता प्रतिपक्ष की याचिका को विधानसभा अध्यक्ष हृदय नारायण दीक्षित ने खारिज कर दी। बता दें कि नेता प्रतिपक्ष रामगोविंद चौधरी ने यह याचिका दल परिवर्तन के आधार पर दायर की थी याचिका।
बता दें नितिन अग्रवाल 2008 से 2012 तक समाजवादी पार्टी से विधायक थे। इसके बाद वह फिर 2012 से 2017 तक हरदोई सदर से समाजवादी पार्टी के विधायक बने। अखिलेश यादव सरकार में वह राज्यमंत्री भी थे। मार्च 2017 में समाजवादी पार्टी के टिकट पर चुनाव जीतने वाले नितिन अग्रवाल अपने पिता नरेश अग्रवाल के साथ मार्च 2018 में भारतीय जनता पार्टी में शामिल हो गए थे। नितिन अग्रवाल ने 2018 में राज्यसभा के चुनाव में क्रास वोटिंग की थी। इसके बाद से वह लगातार समाजवादी पार्टी के खिलाफ मोर्चा खोल रहे थे। समाजवादी पार्टी ने भी उनकी विधानसभा सदस्यता को समाप्त करने का अभियान चलाया था, जो कि आज विधानसभा अध्यक्ष ने समाप्त कर दिया।
