शाहजहांपुर: दहेज में बाइक की मांग पूरी नहीं होने पर धारदार हथियार से हमला कर पत्नी की हत्या की
शाहजहांपुर/जैतीपुर, अमृत विचार। दहेज में बाइक की मांग पूरी नहीं होने पर पत्नी की धारदार हथियार से हमला हत्या कर दी। आरोपी मौके से फरार हो गया। घटना के समय घर में तीन मासूम बच्चे मौजूद थे। घटना की सूचना पर मृतका के मायके वाले पहुंच गए। मामले में पुलिस ने पति समेत छह लोगों …
शाहजहांपुर/जैतीपुर, अमृत विचार। दहेज में बाइक की मांग पूरी नहीं होने पर पत्नी की धारदार हथियार से हमला हत्या कर दी। आरोपी मौके से फरार हो गया। घटना के समय घर में तीन मासूम बच्चे मौजूद थे। घटना की सूचना पर मृतका के मायके वाले पहुंच गए। मामले में पुलिस ने पति समेत छह लोगों के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज की है।
थाना तिलहर क्षेत्र के मोहल्ला सितारगंज निवासी नवील ने थाने में दी तहरीर में बताया कि उसने अपनी बहन रुखसाना(28) का निकाह करीब नौ साल पहले थाना जैतीपुर क्षेत्र के गांव खेड़ा बझेड़ा निवासी राशिद पुत्र मुन्ने से की थी। आरोप है कि निकाह के बाद से ही उसकी बहन के ससुराल वाले दहेज की मांग को लेकर प्रताड़ित करने लगे। मांग पूरी नहीं होने पर उसके साथ आए दिन मारपीट करते थे। ससुराल वाले दहेज में बाइक की मांग कर रहे थे। हैसियत नहीं होने की वजह से उसके पिता ने बाइक देने से इंकार कर दिया था। जिसकी वजह से ससुराल वाले उसकी बहन को आए दिन लाठी-डंडों से पीटते थे।
राशिद धमकी देता था कि अगर बाइक नहीं दी तो उसकी बहन को मारकर दूसरा निकाह कर लेंगे। शुक्रवार सुबह करीब छह बजे ससुरालियों ने कमरे में बंद करके उसकी बहन की धारदार हथियार से हत्या कर दी। पुलिस ने पति राशिद, ससुर मुन्ने, सास सेगम, देवर जाहिद व जाहिद और उनकी पत्नी राबिना के खिलाफ दहेज हत्या की धारा में रिपोर्ट दर्ज की है।
पांच दिन पहले भी पत्नी की थी पिटाई
नवील ने बताया कि पांच दिन पहले नवील ने उसकी बहन की डंडों से पिटाई की थी। जिससे परेशान होकर उसकी बहन से फंदे से लटककर आत्महत्या करने की कोशिश की। जिसमें उसकी बहन बच गई थी। घटना की जानकारी होने पर वह परिजनों के साथ बहन के घर पहुंचे। सूचना पर मौके पर पुलिस भी पहुंच गई। वहां पुलिस की मौजूदगी में पंचातय हुई कि उसकी बहन को पांच दिन बाद सही सलामत घर भेज दिया जाएगा। लेकिन छठे दिन राशिद ने उसकी हत्या कर दी। इस मामले में पुलिस की भी लापरवाही रही है। अगर पुलिस आरोपी के खिलाफ उसी समय कार्रवाई कर देती तो यह घटना नहीं होती।
पहले भी हुआ दोनों पक्षों के बीच हुआ था राजीनामा
नवील ने बताया कि करीब तीन साल पहले रुखसाना को ससुराल वालों ने घर से निकाल दिया था। उसने पुलिस में तहरीर दी लेकिन पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज नहीं की। इसके बाद कोर्ट की शरण ली थी। जिसमें दहेज उत्पीड़न ने मुकदमा दर्ज कराया था। बाद में इस मामले में पुलिस ने ही समझौता कराया था। इसके बाद राशिद रुखसाना को घर ले गया था।
बेटी ने कहा कि अब्बू ने मारा अम्मी को
रुखसाना के पांच सात वर्षीय बेटी निशा, चार वर्षीय बेटी मंतीशा और दो वर्षीय बेटा बिलाल है। पुलिस पूछताछ में निशा ने बताया कि उसके अब्बू ने अम्मी को मार दिया। जिससे उनके खून निकलने लगा और इसके बाद अब्बू भाग गए। मां की मौत से तीनों बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल है।
मामले में तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। आरोपियों को तलाश किया जा रहा है। जल्द से जल्द सबो गिरफ्तार कर लिया जाएगा। – अरविंद कुमार सिंह, थानाध्यक्ष जैतीपुर
