हल्द्वानी: पांच घंटे तक चले हंगामे के बीच नगर निगम ने जेसीबी से ढहाई दीवार
हल्द्वानी, अमृत विचार। राजपुरा में सड़क पर दीवार खड़ी करने पर जमकर हंगामा हुआ। कार्रवाई करने पहुंची नगर निगम की टीम में मौजूद अधिकारी से बदसलूकी हुई। इस मामले में पूर्व और वर्तमान पार्षद भी आमने सामने आ गए। गरमा-गरमी तब और बढ़ गई, जब क्षेत्र के लोग भी दीवार के खिलाफ सड़क पर उतर …
हल्द्वानी, अमृत विचार। राजपुरा में सड़क पर दीवार खड़ी करने पर जमकर हंगामा हुआ। कार्रवाई करने पहुंची नगर निगम की टीम में मौजूद अधिकारी से बदसलूकी हुई। इस मामले में पूर्व और वर्तमान पार्षद भी आमने सामने आ गए। गरमा-गरमी तब और बढ़ गई, जब क्षेत्र के लोग भी दीवार के खिलाफ सड़क पर उतर आए। पांच घंटे से भी ज्यादा समय तक जमकर चली नोकझोंक के बीच निगम ने जेसीबी से दीवार ढहा दी।
शहर में टनकपुर रोड स्थित राजपुरा में श्मशानघाट को जाने वाले रास्ते पर सड़क पर करीब डेढ़ फीट ऊंची दीवार तैयार हो गई थी। उसे और ऊंचा करने का काम किया जा रहा था। सहायक नगर आयुक्त बिजेंद्र चौहान बुधवार की सुबह नौ बजे के बाद मौके पर पहुंचे और अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई करने लगे। इस कार्रवाई के विरोध में पूर्व पार्षद का परिवार आ गया। विरोध पर पार्षद महेश चंद्र और पूर्व पार्षद भी आमने-सामने आ गए। कार्रवाई के खिलाफ काफी लोग घरों से निकल आए और उन्होंने सड़क पर प्रदर्शन किया।

हंगामे की सूचना पर पुलिस फोर्स भी मौके पर पहुंच गई। अतिक्रमण के खिलाफ चल रहे इस हंगामे के बीच निगम की जेसीबी भी पहुंच गई और फिर दोपहर करीब दो बजे उस दीवार को गिरा दिया गया। इस दौरान सहायक नगर आयुक्त चौहान व उनकी टीम के साथ भी बदसलूकी हुई। गाली-गलौज और गोली मारने की धमकी भी दी गई। हालांकि कार्रवाई के बाद टीम वापस हो गई। इस दौरान काफी संख्या में अधिवक्ता भी वहां पहुंच गए थे।
हम अपनी जगह पर दीवार खड़ी कर रहे थे। हमारे पास इसके दस्तावेज भी हैं। कुछ लोगों की मिलीभगत और राजनीतिक द्वेष के चलते निगम ने कार्रवाई की है। उनके खिलाफ कोर्ट में अपील करेंगे। – नजाकत अली खां, पूर्व पार्षद
श्मशान भूमि को जाने वाले रास्ते पर अतिक्रमण किया जा रहा था। इसकी शिकायत नगर निगम से की गई थी। सड़क पर निर्माण करना अवैध है, कार्रवाई सही की गई है। – महेश चंद्र, पार्षद
अतिक्रमणकारियों ने बदसलूकी और अभद्र भाषा का प्रयोग किया गया। इसके बावजूद नियमानुसार कार्रवाई करते हुए दीवार को गिरा दिया गया। यह निर्माण सड़क पर हो रहा था। आरोपी के पास जमीन स्वामी होने के कोई दस्तावेज नहीं थे। – बिजेंद्र चौहान, सहायक नगर आयुक्त
