रामपुर : रोजगार के अवसर न होने से नाराज है युवा ब्रिगेड, बोले- जो देगा गारंटी, उसे ही देंगे वोट

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

रामपुर/अमृत विचार। चुनावी रणभेरी बज चुकी है। कई पार्टियों ने प्रत्याशियों की सूचियां जारी करना शुरू कर दी हैं। युवा ब्रिगेड भी पूरे दमखम से तैयार है। किसी का भी तख्ता पलट करने की सामर्थ्य रखने वाली युवाओं की यह पलटन दो टूक कहती है कि जो पार्टी बेरोजगारों को रोजगार दिलाने की गारंटी देगी, …

रामपुर/अमृत विचार। चुनावी रणभेरी बज चुकी है। कई पार्टियों ने प्रत्याशियों की सूचियां जारी करना शुरू कर दी हैं। युवा ब्रिगेड भी पूरे दमखम से तैयार है। किसी का भी तख्ता पलट करने की सामर्थ्य रखने वाली युवाओं की यह पलटन दो टूक कहती है कि जो पार्टी बेरोजगारों को रोजगार दिलाने की गारंटी देगी, उसी के पक्ष में मतदान करेंगे।

युवाओं का कहना हैं कि पढ़-लिखकर भी बेरोजगार घूम रहे हैं। स्नातक और परा स्नातक करने के बाद मेहनत-मजदूरी भी नहीं कर सकते। रामपुर में फैक्ट्रियां चालू हो जाएं तो निश्चित रूप से यहां की तस्वीर बदल सकती है।अमृत विचार से बातचीत में अधिकांश युवाओं का कहना था कि हमें रोजगार की जरूरत है। जो इसे पूरा करने की गारंटी देगा, उसको ही वोट करेंगे अन्यथा बेराजगार युवाओं की टीम किसी का भी तख्ता पलटने में सक्षम है।

वे कहते हैं कि बुजुर्गों से सुना है कि औद्योगिक क्षेत्र में कानपुर के बाद हमारे नगर का ही नंबर था। यहां पर 52 फैक्ट्रियां थीं। लेकिन,आजादी के बाद से स्थानीय नेताओं ने फैक्ट्रियों को महत्व नहीं दिया और वे बंद होती चली गईं। जो फैक्ट्रियां चल रही थीं, उन्हें सियासत चमकाने के लिए बंद करा दिया गया। औद्योगिक नगरी के रूप में पहचान रखने वाले रामपुर में नौजवानों के लिए रोजगार का टोटा है। रोजगार नहीं मिलने की वजह से तमाम प्रतिभाएं दूसरे राज्यों को पलायन कर रही हैं। यहां के नेताओं ने कभी इस ओर ध्यान नहीं दिया। चुनाव निकट आते ही युवाओं को इस्तेमाल कर बाद में उन्हें राम भरोसे छोड़ दिया गया। बेरोजगारी इतनी है कि परिवार का पेट पालने के लिए युवा डिग्रियों की फाइल बगल में दबाए दफ्तरों की खाक छान रहे हैं। रोजगार नहीं मिलने पर युवाओं में काफी आक्रोश है। वे इस बार सीधे तौर पर उस व्यक्ति को वोट देने की बात करते हैं, जो उन्हें रोजगार के साधन उपलब्ध कराने की बात करे।

 

संबंधित समाचार