रुद्रपुर: नन्हें मुन्नों का सता रहा ‘कोल्ड फीवर’
रुद्रपुर, अमृत विचार। बारिश के बाद शीतलहर के साथ बढ़ी सर्दी ने नन्हें मुन्नों पर असर दिखाना शुरू कर दिया है। शहर के अधिकांश बच्चे कोल्ड फीवर के शिकार हो रहे हैं। तबीयत बिगड़ने से परेशान घर के बड़े उन्हें लेकर जिला अस्पताल पहुंच रहे हैं। प्रतिदिन ऐसे 50 से ज्यादा बच्चों का जिला अस्पताल …
रुद्रपुर, अमृत विचार। बारिश के बाद शीतलहर के साथ बढ़ी सर्दी ने नन्हें मुन्नों पर असर दिखाना शुरू कर दिया है। शहर के अधिकांश बच्चे कोल्ड फीवर के शिकार हो रहे हैं। तबीयत बिगड़ने से परेशान घर के बड़े उन्हें लेकर जिला अस्पताल पहुंच रहे हैं। प्रतिदिन ऐसे 50 से ज्यादा बच्चों का जिला अस्पताल में इलाज हो रहा है, जबकि सप्ताह भर में सर्दी से सताए चार सौ बच्चों का उपचार हो चुका है।
कोहरा, शीतलहर और धूप नहीं निकलने से सर्दी काफी बढ़ी है। गलन होने से इसका असर और भी ज्यादा है। बढ़ी सर्दी का प्रभाव मासूमों पर ज्यादा हो रहा है। जिला अस्पताल में 11 से 18 जनवरी तक दो माह से लेकर दस साल तक के बच्चों का उपचार किया गया है। इनमें अधिकांश सर्दी, खांसी, जुकाम और कोल्ड फीवर से परेशान बच्चे हैं। प्रतिदिन पचास से ज्यादा संख्या में पहुंच रहे इन बच्चों का स्वास्थ्य गड़बड़ होने पर परिवार के बड़ों को सावधानी बरतने की सलाह भी दी जा रही है।
ऐसे रखें अपने बच्चों का ख्याल
– हमेशा बच्चों को ऊनी व गर्म कपड़ों से पूरी तरह ढक कर रखें
– पैरों में हमेशा ऊनी मोजे पहनाएं
– धूप नहीं निकलने की दशा में घर से बाहर न निकलने दें
– साफ-सफाई का विशेष ध्यान दें
– बच्चों को धूप निकलने पर हल्का स्नान कराएं
– ताजे व पौष्टिक आहार दें और बासी भोजन बिल्कुल न खिलाएं
– दिन में कुछ-कुछ ताजे फल और हरी सब्जियों का जूस दें
– बाजार की तैयार खाद्य पदार्थों का सेवन न कराएं
– घर में अगर कोई बीमार हो तो बच्चों को उनसे दूर रखें
छोटे शिशुओं का रखें विशेष ख्याल
रुद्रपुर। चिकित्सकों ने छोटे शिशुओं का विशेष ख्याल रखने को कहा है। चिकित्सकों का कहना है कि दो साल तक के बच्चों को विशेष ख्याल रखना जरूरी है। ये बच्चे मास्क नहीं लगा पाते हैं। ऐसी स्थिति में इन्हें गर्म कपड़ों में घर में ही रखें। इसके साथ ही जो बच्चे दो साल से ज्यादा की उम्र के हैं, उन्हें भी घर में ही खिलाएं। बाहर निकलने पर संक्रमण की चपेट में आ सकते हैं। मास्क जरूर पहनाएं और गर्म पानी पिलाएं।
एक सप्ताह से ठंड से बीमार होने वाले बच्चों की संख्या दोगुनी हो गई है। इनमें सर्दी, जुकाम, खांसी के अलावा कोल्ड फीवर की दिक्कतें भी देखी जा रही हैं। गर्म पानी पिलाने और खानपान के अलावा सर्दी से बचाव के इंतजाम करने की सलाह दी जा रही है।
– डॉ. एसके गोस्वामी, वरिष्ठ बाल रोग विशेषज्ञ, जिला अस्पताल
