बरेली: महाटीकाकरण में 18 स्कूलों ने की लापरवाही

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

बरेली, अमृत विचार। कोविड संक्रमण से बचाव के लिए शासन और प्रशासन की ओर से हर स्तर पर सतर्कता बरती जा रही है। जिलाधिकारी के निर्देश पर 14 से 18 वर्ष तक के आयु वर्ग के शत प्रतिशत का टीकाकारण कराने के लिए माध्यमिक शिक्षा विभाग की ओर से स्कूलों में महाटीकाकरण अभियान चलाया गया। …

बरेली, अमृत विचार। कोविड संक्रमण से बचाव के लिए शासन और प्रशासन की ओर से हर स्तर पर सतर्कता बरती जा रही है। जिलाधिकारी के निर्देश पर 14 से 18 वर्ष तक के आयु वर्ग के शत प्रतिशत का टीकाकारण कराने के लिए माध्यमिक शिक्षा विभाग की ओर से स्कूलों में महाटीकाकरण अभियान चलाया गया। शुक्रवार को जनपद में अभियान के तहत लगभग 90 फीसद किशोरों का टीकाकरण का कार्य पूरा हो गया, लेकिन कई स्कूलों ने लापरवाही भी बरती। ऐसे स्कूलों पर कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।

जिले में 18 स्कूलों ने शतप्रतिशत कोविड टीकाकरण नहीं कराया। इतना ही नहीं जूम एप पर भी प्रतिभाग नहीं किया। इस लापरवाही पर इन स्कूलों से स्पष्टीकरण मांगा गया है। इसके अलावा 5 स्कूलों में टीकाकरण कराने का क्रम बेहद कम पाए जाने पर छात्र पंजीकरण, उपस्थिति रजिस्टर, टीकाकरण करा चुके छात्रों की सूची, टीकाकरण से बाकी छात्र संख्या,सहित और कई रजिस्टर मांगे गए हैं।

डीआईओएस कार्यालय की ओर से स्कूलों को दिए नोटिस के मुताबिक 22 जनवरी को दो शिक्षक कार्यालय पहुंच कर वास्तविक स्थिति से अवगत कराएंगे। जनपद भर में चले इस अभियान के तहत लगभग डेढ़ लाख छात्रों का टीकाकरण कराया गया है। डीआईओएस डा. मुकेश कुमार सिंह ने बताया कि शुक्रवार तक शत प्रतिशत टीकाकरण कराने के निर्देश दिए थे, लेकिन कई स्कूलों ने लापरवाही बरती। इसलिए, ऐसे स्कूलों के विरूद्ध पेनेडमिक एक्ट और मान्यता नियमों के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

ऑनलाइन लेते रहे स्कूलों से अपडेट
अभियान के तहत डीआईओएस दिनभर ऑनलाइन जुड़ कर स्कूलों से टीकाकरण की रिपोर्ट लेते रहे। पंजीकृत छात्र संख्या से कम छात्रों का टीकाकरण होने पर शिक्षकों को निर्देशित करते दिखे।

फोन कर बुलाते रहे शिक्षक
शुक्रवार को आयोजित महाटीकाकरण अभियान के तहत ज्यादा से ज्यादा लोगों को टीकाकरण कराने के लिए बेसिक स्कूलके शिक्षक भी जूझते रहे। शिक्षकों ने लोगों को फोन कर टीकाकरण करवाने के लिए प्रेरित किया। शिक्षकों का कहना है कि बार बार फोन कर लोगों को टीकाकरण कराने के लिए कहा जा रहा है। इसके बावजूद लोग टीकाकरण केंद्रों पर नहीं पहुंच रहे।

संबंधित समाचार