लखनऊ: बीबीएयू के कुलपति ने शिक्षकों की योग्यता पर उठाए सवाल, जानें क्या कहा?
लखनऊ। बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय (बीबीएयू) के कुलपति प्रोफेसर संजय सिंह संजय ने अपने ही शिक्षकों की योग्यता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। कुलपति का कहना है कि उनके विश्वविद्यालय में शिक्षकों की क्षमता सीमित है। वह अलग से जिम्मेदारी लेने के लिए भी आगे नहीं आते हैं। इसकी वजह से काफी समस्याएं हो …
लखनऊ। बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय (बीबीएयू) के कुलपति प्रोफेसर संजय सिंह संजय ने अपने ही शिक्षकों की योग्यता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। कुलपति का कहना है कि उनके विश्वविद्यालय में शिक्षकों की क्षमता सीमित है। वह अलग से जिम्मेदारी लेने के लिए भी आगे नहीं आते हैं। इसकी वजह से काफी समस्याएं हो रही हैं।
कुलपति प्रोफेसर संजय सिंह ने विश्वविद्यालय के बोर्ड ऑफ मैनेजमेंट की 71वीं बैठक में शिक्षकों की योग्यता पर टिप्पणी की थी। यह बैठक साल 2021 दिसंबर में हुई थी। इससे नाराज शिक्षकों ने कुलपति पर आरोप लगाया था। हालांकि शिक्षकों ने कुलपति के आरोपों को गलत बताया है। शिक्षकों का आरोप है कि विश्वविद्यालय के बोर्ड ऑफ मैनेजमेंट की बैठक में एक फैकल्टी मेंबर को सिर्फ एक ही अतिरिक्त पद दिए जाने का फैसला लिया गया था।
लेकिन अब कुलपति ने 2-3 फैकल्टी मेंबर के बीच ही ज्यादातर प्रशासनिक पद बांटे हैं। यह फैकल्टी मेंबर कुलपति कार्यालय के सबसे करीब हैं। कुलपति प्रोफेसर संजय सिंह का ये फैसला बोर्ड ऑफ मैनेजमेंट के विपरीत था। शिक्षकों के मुताबिक ऐसे में उन पर कभी भी सवाल उठ सकते थे। इससे बचने के लिए कुलपति ने अपने ही शिक्षकों पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
विश्वविद्यालय की छवि खराब करने के लिए जानबूझ कर मिनिट्स की गलत व्याख्या की जा रही है। मिनिट्स में यह स्पष्ट रूप से लिखा है कि विभिन्न पदों के लिए जिस तरह की योग्यता की आवश्यकता है उस विशेषज्ञता के लोगों की संख्या सीमित है…डॉ. रचना गंगवार प्रवक्ता बीबीएयू।
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