बागेश्वर: हरी मिर्च हुई और तीखी तो नींबू ने भी किया मुंह खट्टा
बागेश्वर, अमृत विचार। पिछले कई दिनों से घरों में अधिकतर प्रयोग की जाने वाली हरी मिर्च का तीखापन व नींबू की खटास का स्वाद चखना महंगा होने लगा है। अमूमन सब्जी के साथ मुफ्त हरी मिर्च व नींबू को अब मुफ्त में देना व्यापारियों ने बंद कर दिया है। हरी मिर्च व नींबू हर किसी …
बागेश्वर, अमृत विचार। पिछले कई दिनों से घरों में अधिकतर प्रयोग की जाने वाली हरी मिर्च का तीखापन व नींबू की खटास का स्वाद चखना महंगा होने लगा है। अमूमन सब्जी के साथ मुफ्त हरी मिर्च व नींबू को अब मुफ्त में देना व्यापारियों ने बंद कर दिया है।
हरी मिर्च व नींबू हर किसी की पसंद बनी रहती है। साथ ही रसोई घर में किसी प्रकार का खाना बने इसकी आवश्यकता महसूस की जाती रही है। अब तक देखने में आता था कि व्यापारी भी सब्जी खरीदने पर उसमें धनिया, हरी मिर्च व नींबू डालते थे जिसे ग्राहक उपहार समझता था। परंतु पिछले कुछ दिनों से ग्राहकों को यह उपहार मिलना बंद हो गया है।
अब ग्राहकों को नींबू व हरी मिर्च अलग से खरीदना पड़ रहा है। नींबू का प्रयोग गर्मी के सीजन में अधिक हो जाता है जबकि साल भर हर सब्जी व दाल व सलाद में नींबू का प्रयोग करना कई की आदत में शुमार होता है। साथ ही हरी मिर्च का प्रयोग भी खाने में तीखापन व खाने को चटपटा बनाने में किया जाता है।
इसलिए इसकी मांग अधिक रहती है और इसीलिए ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए दुकानदार भी इसे मुफत में ग्राहकों को देते रहे हैं। सब्जी व्यवसायी हरीश जोशी, कैलाश सिंह, हरीश कुमार, नीरज कुमार ने बताया कि पहले नींबू व हरी मिर्च का भाव 80 रुपया प्रति किग्रा तक थी जो कि अब 160 रुपया प्रति किग्रा तक हो गया है जिस कारण ग्राहकों को मुफत में इसे देना मुश्किल हो गया है।
