Pakistan Political Crisis : राष्ट्रपति ने इमरान खान की सिफारिश पर भंग की संसद, 90 दिनों के अंदर होंगे चुनाव

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

इस्लामाबाद। पाकिस्तान की राजनीति में अप्रत्याशित घटनाक्रमों की श्रृंखला में राष्ट्रपति आरिफ अल्वी ने रविवार को प्रधानमंत्री इमरान खान की सिफारिश पर नेशनल असेंबली को भंग कर दिया। जियो न्यूज की रिपोर्ट के मुताबिक नेशनल एसेंबली भंग करने की आधिकारिक अधिसूचना जारी कर दी गयी है। प्रधानमंत्री के विशेष सहायक डॉ. शाहबाज गिल ने ट्विटर …

इस्लामाबाद। पाकिस्तान की राजनीति में अप्रत्याशित घटनाक्रमों की श्रृंखला में राष्ट्रपति आरिफ अल्वी ने रविवार को प्रधानमंत्री इमरान खान की सिफारिश पर नेशनल असेंबली को भंग कर दिया। जियो न्यूज की रिपोर्ट के मुताबिक नेशनल एसेंबली भंग करने की आधिकारिक अधिसूचना जारी कर दी गयी है। प्रधानमंत्री के विशेष सहायक डॉ. शाहबाज गिल ने ट्विटर पर नेशनल एसेंबली भंग किये जाने की पुष्टि की। सूचना और प्रसारण राज्य मंत्री फारुख हबीब ने कहा कि 90 दिनों के अंदर नये चुनाव होंगे।

विपक्ष के अविश्वास प्रस्ताव को संविधान के अनुच्छेद-5 का उल्लंघन बताते हुए किया खारिज
इससे पहले नेशनल असेंबली के डिप्टी स्पीकर कासिम सूरी ने खान के खिलाफ लाए गए अविश्वास प्रस्ताव को संविधान के अनुच्छेद-5 का उल्लंघन बताते हुए खारिज कर दिया। सूरी ने नेशनल एसेंबली का सत्र भी अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दिया। कासिम सूरी ने देश के नाम अपने संबोधन में अविश्वास प्रस्ताव खारिज होने के लिए देश की जनता को बधाई दी और कहा कि डिप्टी स्पीकर ने सत्ता परिवर्तन के प्रयासों तथा और विदेशी साजिश को खारिज कर दिया। उन्होंने कहा कि चुनाव होना चाहिए ताकि जनता तय कर सके कि वह सत्ता में किसे चाहती है। उन्होंने कहा , एक लोकतांत्रिक समाज में हम लोगों के पास जाते हैं। चुनाव होते हैं और लोग तय करते हैं कि वे सत्ता में किसे चाहते हैं। उन्होंने जनता से भी चुनाव की तैयारी करने का आग्रह किया।

बिलावल भुट्टो ने कहा, संविधान बचाने के लिए हर जगह जाएंगे
पाकिस्तान पिपुल्स पार्टी के चेयरपर्सन बिलावल भुट्टो ने स्पीकर के इस फैसले पर आपत्ति जताई है। उन्होंने ट्वीट करते हुए कहा, सरकार ने अविश्वास प्रस्ताव पर वोटिंग न होने देकर संविधान का उल्लंघन किया है। सुंयक्त विपक्ष संसद नहीं छोड़ेगा। हमारे वकील सुप्रीम कोर्ट पहुंचने वाले हैं। हम पाकिस्तान के संविधान की रक्षा करने, उसे बचाने और लागू करने के लिए हर संस्था का दरवाजा खटखटाएंगे।

संसद स्पीकर के खिलाफ भी लाया गया था अविश्वास प्रस्ताव
इससे पहले विपक्षी पार्टियों ने संसद के स्पीकर असद कैसर के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव का नोटिस दिया था। विपक्षी पार्टियों का कहना था कि कैसर निष्पक्ष होकर कार्यवाही नहीं कर रहे। वहीं, राजधानी इस्लामाबाद में कर्फ्यू भी लगा दिया गया था।

फिलहाल धरने पर बैठा विपक्ष
वहीं डिप्टी स्पीकर द्वारा अविश्वास प्रस्ताव को खारिज करने के बाद विपक्षी दल संसद में धरने पर बैठ गए हैं। साथ ही उन्होंने अब सुप्रीम कोर्ट जाने का फैसला किया है। उन्होंने सरकार के इस कदम की आलोचना की है।

ये भी पढ़ें : Pakistan Political Crisis : अविश्वास प्रस्ताव खारिज होने के बाद इमरान खान ने की संसद भंग करने की सिफारिश, पीएम ने कहा- अब जनता नए चुनाव की तैयारी करे

संबंधित समाचार