नवाजुद्दीन सिद्दीकी ने बड़ी बजट की फिल्मों को लेकर उठाए सवाल, कहा- कहां है सच्चा सिनेमा?
मुंबई। एक्टर नवाजुद्दीन सिद्दीकी एक ऐसे कलाकार हैं जो अपने रोल के साथ एक्सपेरिमेंट करते रहते हैं। मायानगरी में कदम जमाने के लिए एक्टर को काफी संघर्ष करना पड़ा है। नवाजुद्दीन ने एक इंटरव्यू में कहा कि उन्हें लगता है कि फिल्मों में अभी भी बदलाव नहीं आया है। सुपरफिशियल एंटरटेनमेंट स्किल्स को प्रभावित करता …
मुंबई। एक्टर नवाजुद्दीन सिद्दीकी एक ऐसे कलाकार हैं जो अपने रोल के साथ एक्सपेरिमेंट करते रहते हैं। मायानगरी में कदम जमाने के लिए एक्टर को काफी संघर्ष करना पड़ा है। नवाजुद्दीन ने एक इंटरव्यू में कहा कि उन्हें लगता है कि फिल्मों में अभी भी बदलाव नहीं आया है। सुपरफिशियल एंटरटेनमेंट स्किल्स को प्रभावित करता है। एक्टर ने कहा कि ‘बड़े बजट की फिल्में थियेटर पर कब्जा कर लेती हैं, ऐसे में छोटे बजट की फिल्मों को थियेटर में क्या जगह मिल पाएगी। ’
उन्होंने ओटीटी प्लेटफॉर्म्स का शुक्रिया अदा करते हुए कहा कि यहां हम अच्छी फिल्में देख सकते हैं। नवाजुद्दीन ने कहा कि ‘मुझे नहीं लग रहा है ये बदल रहा है…मैंने मंटो में भी लीड रोल प्ले किया लेकिन कितने लोगों ने देखा ? मुझे लगता है महामारी के दौरान लोगों ने वर्ल्ड सिनेमा देखा और वहां बदलाव है। लेकिन जिस तरह की पिक्चर अभी हिट हो रही है।। ऐसा लगता है कि सलाहियत गई तेल लेने, यहां एंटरटेन करो और सुपरफिशियल लेवल पे एंटरटेन करो लोगों को’।
नवाजुद्दीन ने आगे कहा कि अच्छे, मामूली और छोटे बजट की फिल्मों को सिनेमाघरों में रिलीज करना काफी मुश्किल है, क्योंकि सिनेमाघरों में केवल बड़े बजट की फिल्में रिलीज होती हैं’। उन्होंने आगे कहा कि ऐसी फिल्में चकाचौंध पैदा करती हैं…प्लेन को पानी पर तैरा देना, मछलियों को उड़ा देना।। मुझे भी ऐसे विजुअली चीजें देखना पसंद हैं लेकिन सिनेमा कहां हैं ?
