मुरादाबाद: गैंगरेप के आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर धरने पर बैठी पीड़िता
मुरादाबाद, अमृत विचार। सामूहिक दुष्कर्म के तीन आरोपियों की गिरफ्तारी न होने पर मंगलवार को पीड़ित किशोरी अपने परिवार के साथ डीएम कार्यालय के बाहर धरने पर बैठ गई। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और परिवार को समझाकर धरना खत्म करा दिया। इसके बाद लोग एसएसपी कार्यालय के सामने कलक्ट्रेट के बाहर दोबारा …
मुरादाबाद, अमृत विचार। सामूहिक दुष्कर्म के तीन आरोपियों की गिरफ्तारी न होने पर मंगलवार को पीड़ित किशोरी अपने परिवार के साथ डीएम कार्यालय के बाहर धरने पर बैठ गई। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और परिवार को समझाकर धरना खत्म करा दिया। इसके बाद लोग एसएसपी कार्यालय के सामने कलक्ट्रेट के बाहर दोबारा धरने पर बैठ गए। उन्होंने आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की। इसकी जानकारी मिलने पर कई थानों की फोर्स के साथ सीओ सिविल लाइंस और सीओ कोतवाली भी मौके पर पहुंच गए। उन्होंने परिवार को समझाने की कोशिश की, लेकिन परिजन नहीं माने। इसके बाद पुलिस ने लोगों को जबरन उठा दिया। पीड़िता ने बिलारी के तत्कालीन सीओ पर संगीन आरोप लगाए हैं।
संभल जनपद के हयातनगर थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी 14 वर्षीया किशोरी नौ अप्रैल 2022 को अपने भाइयों और परिजनों के साथ बिलारी क्षेत्र के गांव सरथल में चैती अष्टमी पर लगने वाला मेला देखने गई थी। यहां से गांव के चार युवक उसका अपरहण करके ले गए थे। आरोपियों ने उसे एक सप्ताह अपने साथ रखा और उसके साथ दरिंदगी की। इसके बाद किशोरी को आरोपियों ने गांव के पास छोड़ दिया था। किशोरी के पिता ने इस मामले में बिलारी थाने में दो नामजद और दो अज्ञात युवकों के खिलाफ केस दर्ज कराया गया था। पुलिस ने इस मामले के केवल एक आरोपी को ही जेल भेजा है। मंगलवार को परिजन और अन्य ग्रामीण किशोरी को लेकर डीएम कार्यालय पहुंच गए। उन्होंने यहां धरना दिया और आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की।
इसकी जानकारी मिलने पर सीओ सिविल लाइंस आशुतोष तिवारी और कोतवाली सीओ महेंद्र चंद्र गौतम फोर्स लेकर आ गए। लोगों को कार्रवाई का आश्वासन दिया। इसके बाद परिजन मान गए और घर जाने लगे। इसी बीच कुछ और लोग आ गए और उन्होंने कलक्ट्रेट के बाहर एसएसपी कार्यालय के सामने भीम आर्मी के बैनर तले धरना शुरू कर दिया। भीम सेना के पदाधिकारी भी पीड़िता के साथ धरना-प्रदर्शन में शामिल थे।पुलिस ने लोगों को मनाने की कोशिश की, लेकिन वह नहीं माने। ग्रामीणों के मंसूबों को देखते हुए सिविल लाइंस के साथ ही कोतवाली और कटघर पुलिस को भी मौके पर बुला लिया गया। इसके बाद पुलिस ने जबरन उन्हें वहां से उठा दिया। इस दौरान पुलिस को ज्वलनशील पदार्थ से भरी एक भी मिली। किशोरी की मां का कहना है कि अगर सभी आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई तो वह अपने परिवार के साथ यहीं जान दे देगी।
इस मुकदमे की विवेचना कर रहे सीओ महेश चंद्र गौतम ने बताया कि इस मामले में एक आरोपी की गिरफ्तारी हो चुकी है। सामूहिक दुष्कर्म की धारा भी बढ़ाई जा चुकी है। अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं। पीड़िता के बयानों के आधार पर ही आरोपी के नाम खोले गए हैं और धराएं बढ़ाई गई हैं। तत्कालीन सीओ पर लगाए गए आरोप बेबुनियाद हैं।
करीब दो घंटे तक चला हंगामा, छावनी बना क्षेत्र
ग्रामीणों का हंगामा करीब दो घंटे तक चला। इस दौरान कलेक्ट्रेट के बाहर का इलाका छावनी में तब्दील हो गया। पुलिस ने घंटों तक प्रदर्शनकारियों को धूप में बैठाए रखा। इस दौरान हड़काने और समझाने का दौर चलता रहा। पुलिस ने ग्रामीणों को तपती धूप से उठने नहीं दिया। इनमें महिलाएं भी शामिल थीं। उन्हें डराने के लिए महिल पुलिस कर्मियों ने धरने पर बैठी महिलाओं के नाम पते नोट करने शुरू कर दिए। इसके बाद भी ग्रामीण अपनी मांग पर अड़े रहे।
नशे का इंजेक्शन लगाते थे आरोपी
पीड़ित किशोरी ने बताया कि आरोपियों ने उसे एक कमरे में बंद कर रखा था। वह उसे नशे के इंजेक्शन लगाते थे। चारों आरोपियों ने उसके साथ बारी-बारी से दुष्कर्म किया। होश में आने पर आरोपी उसे धमकाते थे और फिर इंजेक्शन लगाकर बेहोश कर देते थे।
एक आरोपी जेल में, तीन फरार
इस मामले में बिलारी पुलिस एक आरोपी आबिद को गिरफ्तार करके जेल भेज चुकी है। जबकि तीन आरोपी खुलेआम घूम रहे हैं। इस केस की विवेचना सीओ बिलारी देश दीपक से हटाकर सीओ कोतवाली महेश चंद गौतम को सौंप दी गई है। उन्होंने बताया कि एक आरोपी को जेल भेजकर उसके खिलाफ अदालत में चार्जशीट पेश कर दी गई है। पीड़िता को मिलने वाले मुआवजे की औपचारिकताएं पूरी करके भेजी जा चुकी हैं।
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