अयोध्या : सावन मेले के दौरान होंगे 100 सांस्कृतिक कार्यक्रम, कांवड़ यात्रा के लिए शुरू हुई तैयारियां
अयोध्या, अमृत विचार। पवित्र सावन मास की शुरुआत गुरुवार से हो रही है। कांवड़ यात्रा व झूलनोत्सव मेले को देखते हुए प्रशासन ने कमर कस ली है। कांवड़ यात्रियों को अयोध्या में किसी तरह की कोई परेशानी न हो इसके लिए जगह-जगह लगे संकेतक चिह्नों को मेले के प्रारम्भ होने से पहले ठीक कराने के …
अयोध्या, अमृत विचार। पवित्र सावन मास की शुरुआत गुरुवार से हो रही है। कांवड़ यात्रा व झूलनोत्सव मेले को देखते हुए प्रशासन ने कमर कस ली है। कांवड़ यात्रियों को अयोध्या में किसी तरह की कोई परेशानी न हो इसके लिए जगह-जगह लगे संकेतक चिह्नों को मेले के प्रारम्भ होने से पहले ठीक कराने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही कहा गया है कि यात्रा के मार्गों पर सड़क की खुदाई, गड्ढे आदि को तत्काल प्रभाव से भर दिया जाए। मेले के लिए सूचना विभाग द्वारा एलईडी वैन, प्रचार वाहन व 100 सांस्कृतिक कार्यक्रम आवंटित किये गये हैं।
आयुक्त सभागार में मंडलायुक्त नवदीन रिनवा की अध्यक्षता में बैठक के दौरान मेला व कांवड़ यात्रा को सकुशल सम्पन्न कराने के लिए तैयारियों की समीक्षा की गई। मंडलायुक्त ने बैठक में अनुपस्थित अधिकारियों का स्पष्टीकरण किये जाने के निर्देश देते हुये कहा कि सभी अधिकारी बैठकों को गम्भीरता पूर्वक लेते हुये बैठक में समय से प्रतिभाग करना सुनिश्चित करें तथा बिना पूर्व अनुमति के अपने कार्यस्थल से बाहर न जायें और यदि आकस्मिक कारणों से जाना पड़ता है तो उसकी सूचना व प्रतिस्थानी की जानकारी उपलब्ध करायें। उन्होंने विद्युत विभाग को पोल पर करंट, ढीले तार आदि को सही कराने, परिवहन विभाग को यातायात व पार्किंग की व्यवस्था सुदृढ़ रखने, नगर निगम को सफाई की व्यवस्था, विकास प्राधिकरण को प्रकाश की व्यवस्था आदि को सभी व्यवस्थाएं समय से पूर्ण करने के निर्देश दिये। बैठक में पुलिस उपमहानिरीक्षक अमरेन्द्र प्रसाद सिंह, एसएसपी प्रशान्त वर्मा, अपर जिलाधिकारी नगर/मेलाधिकारी सलिल कुमार पटेल, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अजय राजा व अन्य मौजूद रहे।
भीड़ की निगरानी करेंगे मजिस्ट्रेट
जिलाधिकारी नितीश कुमार ने बताया कि कांवड़िये जनपद अम्बेडकरनगर, गोंडा, बस्ती, बहराइच, रायबरेली, अमेठी, बाराबंकी, सुल्तापुर से अयोध्या आकर सरयू स्नान कर नागेश्वरनाथ में जलाभिषेक व सरयू जल भरकर पुन: अपने अपने जनपदों को वापस जाते हैं। लाखों कांवड़ियों की भीड़ को देखते हुए नामित मजिस्ट्रेट द्वारा सभी मार्गों तक लगातार निगरानी की जायेगी।
