हल्द्वानी: जल्द खिलाड़ियों को मिलेगा मुख्यमंत्री उदीयमान खिलाड़ी उन्नयन खेल छात्रवृत्ति का लाभ
बबीता पटवाल, हल्द्वानी। खेल विभाग जल्द ही खेल नीति 2021 में प्रस्तावित मुख्यमंत्री उदीयमान खिलाड़ी उन्नयन छात्रवृत्ति योजना के तहत जिले के 8 से 14 साल के बच्चों को छात्रवृत्ति देगा। इसमें प्रत्येक जिले के वर्ष 8 व 9, वर्ष 9 व 10, वर्ष 10 व 11, वर्ष 11 व 12, वर्ष 12 व 13 …
बबीता पटवाल, हल्द्वानी। खेल विभाग जल्द ही खेल नीति 2021 में प्रस्तावित मुख्यमंत्री उदीयमान खिलाड़ी उन्नयन छात्रवृत्ति योजना के तहत जिले के 8 से 14 साल के बच्चों को छात्रवृत्ति देगा। इसमें प्रत्येक जिले के वर्ष 8 व 9, वर्ष 9 व 10, वर्ष 10 व 11, वर्ष 11 व 12, वर्ष 12 व 13 व वर्ष 13 व 14 की श्रेणी में 50 बच्चों का चयन होगा। इन बच्चों को इस योजना के तहत 1500 रुपए की धनराशि दी जाएगी।
इसके लिए जल्द ही खेल विभाग जिलाधिकारी के साथ एक बैठक भी आयोजित करने जा रहा है। ब्लॉक स्तर के खिलाड़ियों के बेहतर भविष्य के लिए खेल विभाग मुख्यमंत्री उदीयमान खिलाड़ी उन्नयन खेत्र छात्रवृत्ति योजना की शुरुआत करने जा रहा है। अधिकारियों ने बताया कि इस योजना के तहत समस्त विकासखंड़ों में सर्वश्रेष्ठ बच्चों का चयन किया जाएगा।
जिसके बाद जिले के प्रत्येक वर्ग वर्ष 8 व 9, वर्ष 9 व 10, वर्ष 10 व 11, वर्ष 11 व 12, वर्ष 12 व 13 व वर्ष 13 व 14 की श्रेणी में 25 बालक व 25 बालिकाओं का चयन किया जाएगा। इन बच्चों की सूची देहरादून भेजी जाएगी, जिसके बाद इन्हें प्रतिमाह 1500 रुपए की धनराशि मुहैया कराई जाएगी। उन्होंने बताया कि यह छात्रवृत्ति बच्चों के खेल व शारीरिक स्वास्थ्य संवर्धन के लिए दी जा रही है। इस योजना के तहत प्रति वर्ष राज्य के 3900 खिलाड़ी लभांवित होंगे।
जिलाधिकारी के साथ मिलकर जल्द ही एक बैठक आयोजित की जाएगी। जिसमें इस छात्रवृत्ति योजना के बारे में लागू करने को लेकर चर्चा की जाएगी। इस प्रस्ताव के लागू होने के बाद सभी विकासखंडों में चयन प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी।
– रासिका सिद्दीकी, जिला खेल अधिकारी
छात्रवृत्ति के लिए यह है पात्रता
1- खेल छात्रवृत्ति योजना के लिए बालक व बालिकाओं की आयु आठ से 14 वर्ष होनी चाहिए। उनके पास राज्य का स्थायी निवास पत्र होना अनिवार्य है। खिलाड़ियों की आयु एक जुलाई 2022 से की जाएगी।
2- खिलाड़ियों के पास जन्म प्रमाण पत्र अथवा स्कूली अभिलेखों में दर्ज आयु मान्य होना अनिवार्य है।
3- छात्रवृत्ति के लिए खिलाड़ियों को पी सेट (फिजिकल व स्पोर्ट्स एपटिट्यूट टेस्ट) के विभिन्न चरणों की परीक्षा देनी होगी।
4- जिला स्तरीय प्रतियोगिता में मैरिट के आधार पर सर्वश्रेष्ठ अंक प्राप्त करने वाले खिलाड़ियों का चयन किया जाएगा।
5- खेल विभाग की ओर से पहले से ही किसी योजना, छात्रावास व स्पोर्ट्स कॉलेज का लाभ लेने वाले खिलाड़ी अपात्र माने जाएंगे।
छात्रवृत्ति के लिए यह होगी चयन प्रक्रिया
खेल विभाग की ओर से जारी निर्देशों में शारीरिक दक्षता के परीक्षण के लिए पी सेट के तहत छह प्रतियोगिताएं आयोजित होगी। इसके आधार पर ही खिलाड़ियों का चयन किया जाना है।
