बरेली: अनियमित रूप से लेखपाल को मिला वेतनमान, पेंशन से 5.18 लाख की होगी वसूली

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

बरेली, अमृत विचार। 10 साल पहले लेखपाल को प्रथम प्रोन्नति वेतनमान अनियमित रूप से देने का मामला सामने आया है। इसमें लेखपाल को करीब 5 लाख 18 हजार 494 रुपये का अधिक भुगतान हो गया। इस बीच लेखपाल महेश राम शर्मा रजिस्ट्रार कानूनगो बनने के बाद सेवानिवृत्त हो गए। मामला विशेष जांच ऑडिट में पकड़े …

बरेली, अमृत विचार। 10 साल पहले लेखपाल को प्रथम प्रोन्नति वेतनमान अनियमित रूप से देने का मामला सामने आया है। इसमें लेखपाल को करीब 5 लाख 18 हजार 494 रुपये का अधिक भुगतान हो गया। इस बीच लेखपाल महेश राम शर्मा रजिस्ट्रार कानूनगो बनने के बाद सेवानिवृत्त हो गए। मामला विशेष जांच ऑडिट में पकड़े जाने के बाद विभागीय अधिकारी सकते में आ गए।

जांच रिपोर्ट के आधार पर तहसीलदार बहेड़ी ने कोषाधिकारी को पत्र जारी कर कहा कि जिलाधिकारी के पत्र संख्या 228 (6) लेखाकार विशेष जांच ऑडिट 5 अगस्त द्वारा अवगत कराया गया है कि जांच रिपोर्ट 2 जुलाई 2012 के प्रस्तर संख्या 03 में महेश राम शर्मा लेखपाल को प्रथम प्रोन्नत वेतनमान अनियमित रूप से देने के कारण अधिक भुगतान हो गया।

महेश राम शर्मा अब सेवानिवृत्त हो चुके हैं। यह धनराशि उनकी पेंशन से वसूली किए जाने योग्य है, ताकि ऑडिट आपत्ति का निस्तारण हो सके। इधर, पुरानी ऑडिट रिपोर्ट पर पेंशन से वसूली कराने का पत्र जब महेश राम शर्मा के घर पहुंचा तो उनके होश उड़ गए। सेवानिवृत्त रजिस्ट्रार कानूनगो ने 24 अगस्त को अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व को पत्र लिखकर बताया है कि वह 2012 में तहसील बहेड़ी में लेखपाल के पद पर कार्यरत थे।

तहसील बहेड़ी में 2012-13 में विशेष ऑडिट हुआ होगा, लेकिन उन्हें इसकी कोई जानकारी नहीं है। आरके बहेड़ी रामस्वरूप एवं तहसीलदार बहेड़ी ने कोषाधिकारी बरेली को 5 लाख 18 हजार 494 रुपये की कटौती पेंशन से करने का पत्र लिखा है। ऑडिट आपत्ति को 10 वर्ष का समय हो चुका है। इसकी उसे आज तक कोई जानकारी नहीं हुई। एडीएम वित्त से गुहार लगाते हुए कहा कि उसकी ऑडिट कटौती का पुन: परीक्षण कराया जाए। पुन: जांच पूरी न होने तक पेंशन से कोई कटौती न करने की मांग भी की।

यह भी पढ़ें- बरेली: 11.50 करोड़ से वार्ड में पहुंचेगा पानी, शिलान्यास करेंगे मंत्री अरविंद कुमार

संबंधित समाचार