नाविकों के कोष से 10 करोड़ रुपये का गबन करने के आरोप में NUSI के अधिकारियों पर मुकदमा
मुंबई। मुंबई पुलिस ने नेशनल यूनियन ऑफ सीफेरर्स ऑफ इंडिया (NUSI) और अन्य के खिलाफ भविष्य निधि कोष, सामाजिक भत्ता और कल्याण कोष से कथित तौर पर 10 करोड़ रुपये का गबन करने के आरोप में मामला दर्ज किया है। पुलिस ने सोमवार को बताया कि यह राशि विदेशी पोतों पर काम करने वाले करीब …
मुंबई। मुंबई पुलिस ने नेशनल यूनियन ऑफ सीफेरर्स ऑफ इंडिया (NUSI) और अन्य के खिलाफ भविष्य निधि कोष, सामाजिक भत्ता और कल्याण कोष से कथित तौर पर 10 करोड़ रुपये का गबन करने के आरोप में मामला दर्ज किया है। पुलिस ने सोमवार को बताया कि यह राशि विदेशी पोतों पर काम करने वाले करीब 1.6 लाख नाविकों के अंशदान से जमा हुआ था।
अधिकारी ने बताया कि फॉरवर्ड सीमैन्स यूनियन ऑफ इंडिया के सचिव ने माता रमा बाई आम्बेडकर थाने में शनिवार को भारतीय दंड संहिता की धारा- 409 (आपराधिक विश्वासघात) और धारा-420 (धोखाधड़ी) के तहत शिकायत दर्ज कराई है। उन्होंने बताया कि इस मामले को आगे की जांच के लिए मुंबई पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा (ईओडल्ब्यू) को स्थानांतरित कर दिया गया है।
अधिकारी ने बताया कि प्राथमिकी NUSI के महासचिव और कोषाध्यक्ष अब्दुल गनी सारंग, पूर्व पदाधिकारी लियो बंस (जिनकी मौत कुछ साल पहले हो गई थी) और अन्य के खिलाफ दर्ज की गई है। उन्होंने बताया कि शिकायत के मुताबिक विदेशी पोतों पर काम करने वाले भारतीय नाविकों के अंशदान वाले भविष्य निधि कोष, सामाजिक भत्ता और कल्याण कोष की राशि कथित तौर पर गबन कर भारत सरकार के कोष के बजाय कुछ निजी न्यासों में अलग-अलग मदों और मुद्राओं में जमा कराई गई ।
शिकायतकर्ता ने कहा कि उन्हें सेवानिवृत्त हुए नाविकों और विदेशी पोतों पर काम करने वाले नाविकों से शिकायत मिली, जिसके बाद उन्होंने मुंबई पुलिस से संपर्क किया।
ये भी पढ़ें- Reliance AGM 2022: मुकेश अंबानी का बड़ा ऐलान, जानें कब मिलेगी Jio 5G की सर्विस
