अयोध्या : मेयर और पार्षदों के चुनाव में खर्च का कोटा बढ़ा
अमृत विचार, अयोध्या। बेशक नगर निकाय चुनाव की डुगडुगी अभी न बजी हो, लेकिन प्रत्याशियों के चुनाव खर्च की सीमा तय कर दी गई है। इस बार निगम चुनाव में मेयर प्रत्याशी के लिए चुनाव खर्च सीमा 15 लाख रुपये व पार्षद प्रत्याशी के लिए एक लाख रुपये बढ़ा दी गई है। इस हिसाब से …
अमृत विचार, अयोध्या। बेशक नगर निकाय चुनाव की डुगडुगी अभी न बजी हो, लेकिन प्रत्याशियों के चुनाव खर्च की सीमा तय कर दी गई है। इस बार निगम चुनाव में मेयर प्रत्याशी के लिए चुनाव खर्च सीमा 15 लाख रुपये व पार्षद प्रत्याशी के लिए एक लाख रुपये बढ़ा दी गई है। इस हिसाब से मेयर 40 लाख व पार्षद 3 लाख रुपये चुनाव में खर्च कर सकेंगे। पहले मेयर पद के लिए 25 लाख व पार्षद के लिए 1 लाख रुपये खर्च सीमा थी। राज्य निर्वाचन आयोग ने निकाय चुनावों के लिए प्रत्याशियों के नामांकन शुल्क व जमानत राशि भी तय कर दी।
दिसंबर में मेयर व पार्षदों का कार्यकाल खत्म हो रहा है। नवंबर में चुनाव हो सकते हैं। अयोध्या नगर निगम में 60 वार्ड हैं। जिले में एक नगर पालिका व चार नगर पंचायतें हैं। निकाय चुनाव को लेकर इन सभी में तैयारियां भी शुरू हो गई हैं। जिला प्रशासन मतदाता सूची के पुनरीक्षण कार्य में जुटा हुआ है तो चुनाव लड़ने वालों ने हाथ – पैर मारना शुरू कर दिया है। उप जिला निर्वाचन अधिकारी एडीएम प्रशासन अमित सिंह ने बताया राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से निकाय चुनाव के लिए खर्च सीमा में संशोधन जारी किया गया है।
उन्होंने बताया कि अनुसूचित जाति, जनजाति पिछड़ा वर्ग व महिला प्रत्याशी को जमानत राशि व नामांकन शुल्क में 50 प्रतिशत छूट मिलेगी, जबकि चुनाव खर्च अनारक्षित प्रत्याशियों के समान रहेगा। नगर निगम में मेयर प्रत्याशी की अधिकतम चुनाव खर्च सीमा वर्ष 2017 में 25 लाख रुपये और पार्षदों के लिए 2 लाख रुपये थी। अब मेयर पद चुनाव के लिए खर्च धनराशि में बढ़ोतरी की गई है।
इसके अलावा 41 वार्डों वाली नगर पालिकाओं में अध्यक्ष पद के लिए खर्च सीमा 4 लाख रुपये बढ़ाकर 12 लाख रुपये कर दी गई है। 41 से कम वार्ड वाली नगर पालिका में अध्यक्ष पद के लिए अधिकतम खर्च सीमा 3 लाख रुपये बढ़कर 9 लाख हो गई है। सदस्य 50 हजार अधिक 2 लाख रुपये तक खर्च कर सकेंगे। नगर पंचायत अध्यक्ष पद के लिए खर्च सीमा 1.50 लाख से बढ़ाकर 2.50 लाख रुपये की है। सदस्यों के लिए 30 हजार से बढ़ाकर 50 हजार रुपये कर दी गई है। उन्होंने बताया कि अनारक्षित पद के लिए यदि आरक्षित वर्ग का कोई उम्मीदवार नामांकन पत्र खरीदता है तो उससे आरक्षित वर्ग के लिए निर्धारित राशि ही ली जाएगी।
मेयर की जमानत राशि 12 हजार व पार्षद की 2500
- मेयर प्रत्याशी : अनारक्षित वर्ग के लिए नामांकन शुल्क 1000 रुपये, जमानत राशि 12 हजार। आरक्षित वर्ग के लिए नामांकन शुल्क 500 और जमानत राशि 6000।
- पार्षद प्रत्याशी: अनारक्षित वर्ग के लिए नामांकन शुल्क 400 रुपये जमानत राशि 2500। आरक्षित वर्ग के लिए नामांकन शुल्क 200 और जमानत राशि 1250।
- नगर पालिका अध्यक्ष पद: अनारक्षित वर्ग के लिए नामांकन शुल्क 500 रुपये , जमानत राशि 8000। आरक्षित वर्ग के लिए नामांकन शुल्क 250, जमानत राशि 4000।
- नगर पालिका सदस्य पद: अनारक्षित वर्ग के लिए नामांकन शुल्क 200 रुपये, जमानत राशि 2000। आरक्षित वर्ग के लिए नामांकन शुल्क 100, जमानत राशि 1000।
- नगर पंचायत अध्यक्ष: आरक्षित वर्ग के लिए नामांकन शुल्क 250 रुपये जमानत राशि 5000। आरक्षित वर्ग नामांकन राशि 125, जमानत राशि 2500 रुपये।
- नगर पंचायत सदस्य : आरक्षित वर्ग के लिए नामांकन शुल्क 100 रुपये, जमानत राशि 2000। आरक्षित वर्ग के लिए नामांकन शुल्क 50 रुपये, जमानत राशि 1000 रुपये।
इधर, वार्डों में शुरू हो गई दावेदारी, टंग रही हैं होर्डिंग्स
निकाय चुनाव नवम्बर में सम्भावित है, लेकिन इसे लेकर नगर निगम समेत नगर पालिका और पंचायतों में दावेदार सामने आने लगे हैं। नगर निगम क्षेत्र के विभिन्न वार्डों में अभी से पार्षद पद के प्रत्याशी अपना प्रचार होर्डिंग और विभिन्न माध्यमों से करने लगे हैं।
नगर निगम में 60 वार्ड हैं। लगभग सभी में अभी से प्रचार की कवायद शुरू हो गई है।
पार्षद पद के सम्भावित प्रत्याशी जनता जनार्दन को रिझाने के लिए वार्डों में घूमने शुरू हो गए हैं। किसी के यहां कोई काम पड़ रहा है तो दावेदार पहले पहुंच रहे हैं। सुबह शाम अपने-अपने वार्डों में विचरण कर रहे या दावेदार बड़े बुजुर्गों का आशीर्वाद पाने के लिए लालायित दिखाई दे रहे हैं। अयोध्या नगर के वार्डों में तो कम फैजाबाद शहर के वार्डों में ज्यादा चुनावी चहल-पहल दिखाई देने लगी है। एक-एक वार्ड से कई सम्भावित उम्मीदवार अपने तरीके से तैयारी में जुट गए हैं।
कई ने तो अपने वार्ड का वाट्सएप गु्रप तक बना लिया है, जिसमें लोगों की समस्या पूछ उनके निदान का आश्वासन तक दिया जा रहा है। निकाय चुनाव को लेकर इस बार खासी सक्रियता नवसृजित खिरौनी और कुमारगंज पंचायत में दिख रही है। इन पंचायतों में भी दावेदार अध्यक्ष और सदस्य पद के लिए जुटे हैं।
यहां तो अध्यक्ष पद के लिए सम्भावित दावेदारों ने बाकायदा प्रचार तक शुरू कर दिया है। क्षेत्र में बड़ी-बड़ी होर्डिंग्स लगवा कर जनता जनार्दन को रिझाने के लिए जुटे हैं। बता दें कि इस बार भी पार्षद और सदस्य पद के लिए एक ही दल से कई-कई लोगों ने दावेदारी ठोंकनी शुरू कर दी है।
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