गैस से चलेगा कानपुर पराग का दुग्ध प्लांट, शुरुआत के लिए मांगा तीन करोड़ का लोन

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कानपुर, अमृत विचार। पराग के नए स्वचालित दुग्ध प्लांट का संचालन पीएनजी (पाइप नेचुरल गैस) से किया जाएगा। अधिकारियों द्वारा गैस के इंड्रस्ट्रीयल कनेक्शन के लिए संपर्क के बाद सीयूजीएल के अधिकारियों ने प्लांट का निरीक्षण किया है। इससे पहले प्लांट को (एलडीओ) लाइट डीजल ऑयल से चलाया जाना था। पर्यावरण संरक्षण और प्लांट को …

कानपुर, अमृत विचार। पराग के नए स्वचालित दुग्ध प्लांट का संचालन पीएनजी (पाइप नेचुरल गैस) से किया जाएगा। अधिकारियों द्वारा गैस के इंड्रस्ट्रीयल कनेक्शन के लिए संपर्क के बाद सीयूजीएल के अधिकारियों ने प्लांट का निरीक्षण किया है। इससे पहले प्लांट को (एलडीओ) लाइट डीजल ऑयल से चलाया जाना था। पर्यावरण संरक्षण और प्लांट को चलाने में आने वाले खर्चें को ध्यान में रखते हुए अधिकारियों ने गैस से प्लांट चलाने की पहल की है। प्लांट का नवंबर में ट्रायल किया जाएगा।

लोन से शुरू होगा प्लांट
कानपुर में प्रदेश का सबसे बड़ा दुग्ध प्लांट बनकर तैयार है। बजट के आभाव में प्लांट को शुरू नहीं किया जा सका है। लेकिन अब पराग के अधिकारी लोन लेकर प्लांट को चलाने जा रहे हैं। पराग के महाप्रबंधक ब्रज मोहन त्यागी ने बताया कि नेशनल बैंक के अधिकारियों से बातचीत हुई है। प्लांट को फिलहाल शुरू करने के लिए तीन करोड़ का लोन ले रहे हैं। जैसे-जैसे उत्पादन और सप्लाई बढ़ेगी और लोन लेकर पूरी क्षमता से प्लांट चलाया जाएगा। उन्होंने बताया 10 से 12 करोड़ रुपये की आवश्यकता है। प्लांट को चलाने के लिए सीयूजीएल से गैस कनेक्शन लिया जा रहा है। इससे पर्यावरण का संरक्षण किया जा सकेगा तो वहीं प्लांट चलाने की लागत 30 से 40 परसेंट कम की जा सकेगी। प्लांट चलने से आगरा, अलीगढ़, कानपुर, चित्रकूट तक सप्लाई होगी।

2013 को बंद हुआ था पुराना प्लांट
प्रादेशिक को-ऑपरेटिव डेयरी फैडरेशन लखनऊ द्वारा प्रदेश के 10 शहरों में अत्याधुनिक स्वचालित ग्रीनफील्ड डेयरी प्लांट स्थापित किए जाने की योजना बनाई। जिसके अंतर्गत कानपुर के साकेत नगर में भी चार लाख लीटर क्षमता का स्वचलित डेयरी प्लांट स्थापित किया गया है। इससे पहले पचास हजार की क्षमता वाला पुरानी डेयरी एक अगस्त 2013 को बंद कर दी गई थी।

एक नजर में प्लांट
प्रोजेक्ट लागत – 160.64 करोड़
प्लांट क्षमता- 4.0 लाख लीटर प्रतिदिन
(1.5 लाख लीटर पैक्ड मिल्क और 2.5 लाख लीटर दुग्ध पाउडर)
निर्माण करने वाली संस्था – इंडियन डेरी मशीनरी कारपोरेशन लि. आनन्द (गुजरात)

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