लखनऊ: सीएमओ ने सिटी नाइट्स अस्पताल के संचालन पर लगाई रोक, नहीं था पंजीकरण

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अमृत विचार लखनऊ। इलाज में लापरवाही की शिकायत पर स्वास्थ्य विभाग में सिटी नाइट्स हॉस्पिटल एंड ट्रामा सेंटर की जांच की। जांच में मरीज द्वारा की गई शिकायत सही मिली जिसके बाद अधिकारियों ने अस्पताल के संचालन को बंद कर मरीजों को सरकारी अस्पताल मैं शिफ्ट करने के निर्देश दिए हैं। टूडियागंज के रहने वाले …

अमृत विचार लखनऊ। इलाज में लापरवाही की शिकायत पर स्वास्थ्य विभाग में सिटी नाइट्स हॉस्पिटल एंड ट्रामा सेंटर की जांच की। जांच में मरीज द्वारा की गई शिकायत सही मिली जिसके बाद अधिकारियों ने अस्पताल के संचालन को बंद कर मरीजों को सरकारी अस्पताल मैं शिफ्ट करने के निर्देश दिए हैं। टूडियागंज के रहने वाले श्यामू (नाम बदला हुआ) को पेट में समस्या थी। जिसके बाद वो इलाज के लिए बुद्धेश्वर रोड पर स्थित सिटी नाइट्स हॉस्पिटल एवं ट्रामा सेंटर में इलाज के लिए गया। यहां डॉक्टर ने मरीज को भर्ती किया और इलाज शुरू करने से पहले मरीज की सभी जरूरी जांचें कराई ।

जांच में पांच हजार से अधिक रुपये लगे। आरोप है कि मरीज जब तक अस्पताल में भर्ती रहा उसे आराम रहा। लेकिन, घर जाते ही दो दिन बाद फिर उसे समस्या होने लगी। इस बीच भर्ती होने के समय डॉक्टर ने मरीज से बीस हजार से ज्यादा की रकम ली। डिस्चार्ज होने के बाद जब मरीज घर पहुंचा तो उसे दो दिन बाद यह समस्या वापस होने लगी। वह अपनी समस्या को लेकर डॉक्टर के पास अस्पताल पहुंचा तो वहां उन्होंने मरीज को दूसरे अस्पताल के लिए रेफर कर दिया। इसके बाद मरीज ने मामले की शिकायत मुख्यमंत्री शिकायत पोर्टल (आईजीआरएस) पर की।

शिकायत मिलते ही शुरू हुई थी जांच
निजी अस्पताल के नोडल डॉक्टर ए पी सिंह ने बताया कि मामले की शिकायत मिलते ही इसकी जांच शुरू हुई थी। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र टूडियागंज के अधीक्षक को यह जांच सौंपी गई थी। जांच में प्रथम दृष्टया यह पता चला कि जिस अस्पताल पंजीकरण ही सीएमओ के यहां से नहीं है। इस कारण तत्काल तौर पर अस्पताल के संचालन पर रोक लगाने के आदेश को जारी करते हुए भर्ती सभी मरीजों को सरकारी अस्पताल में शिफ्ट करने के निर्देश दे दिए गए हैं।

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