पाकिस्तान में 26 नवंबर को होगा इतिहास का सबसे बड़ा विरोध प्रदर्शन, इमरान खान होंगे शामिल

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इस्लामाबाद। पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) के नेता फैसल जावेद खान ने कहा कि पार्टी अध्यक्ष एवं पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान के नेतृत्व में 26 नवंबर को रावलपिंडी में देश के इतिहास का ‘सबसे बड़ा’ शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन’ किया जाएगा। गौरतलब है कि पूर्व प्रधानमंत्री 03 नवंबर, 2022 को वजीराबाद में एक रैली के दौरान पैर में गोली लगने से घायल हो गए थे, जिसके बाद यह लंबी रैली (लॉन्ग मार्च) अस्थायी तौर पर स्थगित हो गयी थी। 

फैसल खान ने ट्विटर पर कहा कि पाकिस्तान की जनता आर्थिक संकट से उबरने के लिए चुनाव की मांग कर रहे हैं। उन्होंने इस संकट के लिए वर्तमान सरकार को दोषी ठहराया है। उन्होंने ट्वीट में कहा कि पाकिस्तान में सबसे बड़ी समस्या उसकी खराब अर्थव्यवस्था है और उन्होंने आर्थिक अस्थिरता के लिए राजनीतिक अस्थिरता को दोषी बताया। उन्होंने कहा, “आज देश की सबसे बड़ी समस्या खराब अर्थव्यवस्था है, राजनीतिक अस्थिरता ही आर्थिक अस्थिरता का कारण है, गरीब और मध्यम वर्ग गंभीर समस्याओं से ग्रसित हैं, देश दिवालियापन की कगार पर पहुंच चुका है, ऐसे में एक बुद्धिमत्ता से निर्णय लेने की जरुरत है और देश में चुनाव ही इसका एकमात्र समाधान है।”

 पीटीआई नेता असद उमर ने रावलपिंडी के निवासियों से 26 नवंबर को  खान के आगमन के लिए तैयार रहने के लिए कहा है। उन्होंने ट्वीट किया, “पिंडी तैयार रहे, कप्तान देश के बाकी हिस्सों के साथ 26 नवंबर को रावलपिंडी आ रहे हैं।” इससे पहले, पाकिस्तान के पूर्व मंत्री और पीटीआई नेता फवाद चौधरी ने कहा था कि अगर नए सेना प्रमुख की नियुक्ति के बाद चुनाव नहीं करवाए जाते हैं तो पार्टी अपनी रणनीति का खुलासा करेगी। चौधरी ने कहा था कि पीटीआई ने सरकार से चुनाव के तारीख की घोषणा करने की मांग की थी, लेकिन वर्तमान सरकार चुनावों में अपनी हार से भयभीत है। 

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