बरेली: पेंशनर्स न हो परेशान, सीएससी से होगा समाधान
बरेली,अमृत विचार। कोरोना काल में अब पेंशन धारकों को अनिवार्य जीवन प्रमाण बनाने के लिए कई किलोमीटर चलकर सरकारी दफ्तरों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। केंद्र सरकार ने कॉमन सर्विस सेंटरों पर लाइफ सर्टिफिकेट बनाने की प्रक्रिया पूरी करने की व्यवस्था की है। इस व्यवस्था का लाभ लेने के लिए पेंशन धारक को कोषागार में …
बरेली,अमृत विचार। कोरोना काल में अब पेंशन धारकों को अनिवार्य जीवन प्रमाण बनाने के लिए कई किलोमीटर चलकर सरकारी दफ्तरों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। केंद्र सरकार ने कॉमन सर्विस सेंटरों पर लाइफ सर्टिफिकेट बनाने की प्रक्रिया पूरी करने की व्यवस्था की है। इस व्यवस्था का लाभ लेने के लिए पेंशन धारक को कोषागार में केवल एक बार पंजीकरण कराना होगा।
नौकरी से सेवानिवृत्त कर्मचारियों को अपने जीवित होने का प्रमाण-पत्र जमा करने के लिए कोषागार के चक्कर लगाने पड़ते थे। लाकडाउन की वजह से उनकी दिक्कत और बढ़ गई थी। ऐसे में कोरोना काल में पेंशनर्स को चक्कर न लगाना पड़े इसे ध्यान में रखते हुए केंद्र सरकार ने डिजिटल इंडिया अभियान के तहत जीवन प्रमाण पत्र देने की प्रक्रिया शुरू की है। इसके तहत चंद मिनटों में पेंशनर अपना जीवन प्रमाण पत्र अपडेट करा सकते हैं।
अफसरों के मुताबिक पेंशनर्स अपने नजदीकी सीएससी पर जाकर पासबुक, आधार कार्ड और पेंशनर्स कार्ड के माध्यम से अपना जीवन प्रमाण-पत्र प्राप्त कर जमा कर सकते हैं। सीएससी प्रभारी संतोष कुमार के मुताबिक यह सुविधा जिले के सभी कॉमन सर्विस सेंटरों पर शुरू कर दी गई है। जीवन प्रमाण पत्र देने के लिए पेंशनर्स को मात्र दस रुपये का शुल्क देना पड़ेगा। अधिक जानकारी के लिए कोषागार कार्यालय में वह संपर्क कर सकते हैं।
जीवन प्रमाण पत्र की उपयोगिता
पेंशन के लिए हर वर्ष एक बार पेंशन धारक को जीवित होने का प्रमाण पत्र देना होता है। इसके लिए अगर आपके पास आधार कार्ड नंबर है तो अपने पेंशन खाते को सीएससी के माध्यम से जोड़ पंजीकृत करवा सकते हैं। प्रमाण पत्र के लिए बायोमीट्रिक अनिवार्य होगी।
