अल्मोड़ा: कृषि एवं सांस्कृतिक महोत्सव का भव्य आगाज
कुमाऊं और गढ़वाल की मिश्रित संस्कृति के लिए प्रसिद्ध गेवाड़ घाटी चौखुटिया के अगनेरी मंदिर में तीन दिवसीय महोत्सव शुरू
अल्मोड़ा, अमृत विचार। कुमाऊं और गढ़वाल की मिश्रित संस्कृति के लिए प्रसिद्ध गेवाड़ घाटी चौखुटिया के अगनेरी मंदिर में तीन दिवसीय कृषि एवं सांस्कृतिक महोत्सव का आगाज हो गया है। मेले का शुभारंभ कर विधायक मदन बिष्ट ने कहा कि इस तरह के मेले हमारी सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण का ध्वज वाहक साबित होते हैं।
कार्यक्रम को संबोधित कर मुख्य अतिथि विधायक बिष्ट ने कहा कि इस तरह के आयोजनों से लोगों को अपनी संस्कृति को करीब से देखने का मौका मिलता है, इसलिए प्रयास किया जाएगा कि भविष्य में भी इस तरह के मेलों का अधिक से अधिक आयोजन कराया जा सके। जिलाधिकारी वंदना ने अपने संबोधन में कहा कि गेवाड़ घाटी में पहली बार इस तरह का आयोजन किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि क्षेत्र से अधिक से अधिक लोग मेले में लगे विभागीय स्टालों के माध्यम से सरकार की योजनाओं का लाभ उठाएं। कार्यक्रम के दौरान महिला मंगल दलों, नवयुवक मंगल दलों, लोक कलाकारों और स्कूली बच्चों द्वारा मां नंदा देवी डोला समेत अनेक रंगारंग कार्यक्रमों का आयोजन किया। जिन्हें देखकर लोग मंत्रमुग्ध हो गए।
स्कूली बच्चों ने रंगारंग कार्यक्रमों के अलावा पर्यावरण संरक्षण, पर्यावरण महत्व, वन संरक्षण समृद्ध संस्कृति, स्थानीय उत्पादों से संबंधित कार्यक्रम भी प्रस्तुत किए। कार्यक्रम के दौरान आयोजित झांकी में द्वाराहाट के टोढरा निवासी पूर्ण चंद्र भट्ट द्वारा उगाई गई आठ किलो की मूली तथा चौखुटिया ब्लॉक के खजुरानी निवासी यशवंत सिंह रौतेला द्वारा उगाई गई साढ़े सात किलो की गडेरी आकर्षण का केंद्र रही।
होम्योपैथी विभाग के स्टाल से 110 लोगों को दवाएं दी गई। जबकि समाज कल्याण विभाग के माध्यम से पांच दिव्यांगों को सहायक उपकरण वितरित किए गए। आयुर्वेद विभाग द्वारा 71 लोगों को दवाएं बांटी। पूर्ति विभाग ने पांच लोगों के बीपीएल प्रमाण पत्र बनाए। जबकि समाज कल्याण विभाग के माध्यम से सोलह लोगों की पेंशन लगाई गई। मेले की अध्यक्षता ब्लॉक प्रमुख किरन बिष्ट द्वारा की गई। इस मौके पर जिला पंचायत उपाध्यक्ष कांता रावत, मुख्य विकास अधिकारी अंशुल सिंह, उपजिलाधिकारी जय वर्धन शर्मा समेत अन्य जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी उपस्थित रहे।
