Auraiya News : DM कार्यालय के बाहर छह लोगों ने अपने ऊपर डाला पेट्रोल, पुलिसकर्मियों के फूले हाथ-पांव, लगाए यह आरोप
औरैया में छह लोगों ने डीएम कार्यालय के बाहर आत्मदाह का प्रयास किया।
औरैया में डीएम कार्यालय के बाहर चार महिलाओं समेत छह लोगों ने पेट्रोल डालकर आत्मदाह का प्रयास किया। 15 हजार रुपये न दिये जाने पर लाभार्थी सूची से नाम काटे का आरोप लगाया। डीएम ने तीन सदस्यीय टीम गठित कर जांच कराए जाने का आश्वासन दिया।
औरैया, अमृत विचार। प्रदेश की योगी सरकार गरीब व असहाय लोगों को रहने के लिए छत दिये जाने के लिए प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री आवास योजना संचालित कर रही है। लेकिन जिम्मेदार सरकार की इस मंशा पर पानी फेरते नजर आ रहे हैं। रुपये न दिये जाने पर जिम्मेदारों द्वारा लाभार्थियों का नाम काटा जा रहा है। जिस वजह से वह दर-दर भटकने को मजबूर हैं। जिम्मेदारों की प्रताड़ना से परेशान होकर शुक्रवार की दोपहर दिल दलहा देने वाला मामला प्रकाश में आया।
मुख्यमंत्री आवास योजना में लाभार्थियों का नाम शामिल होने के बाद भी हरीओम पुत्र नेकराम निवासी बहादुरपुर, शिवेंद्र कुमार पुत्र इंद्रपाल, प्रियंका पत्नी प्रदीप कुमार निवासी पुर्वा खाड़े, लक्ष्मी पत्नी संदीप कुमार, अनीता देवी पत्नी अनुपम पुर्वा खाड़े, रामप्यारी पत्नी नरेश निवासी पिपरौलिया के नाम काट दिया गया। शुक्रवार को महिलाओं समेत सात लोग जिला मुख्यालय स्थित कार्यालय पहुंचे। यहां पर उन्होंने छह लोगों ने पेट्रोल डालकर आत्मदाह करने का प्रयास किया, जब कार्यालय के बाहर लगे सुरक्षाकर्मियों ने यह वाक्या देखा तो उनके हाथ-पैर फूल गए।
उन्होंने आनन-फानन में पीड़ितों को आत्मदाह करने से रोका। बाद में डीएम ने पीड़ितों को अपने कार्यालय बुलाकर समझा-बुझाया और टीम गठित कर मामले की जांच किए जाने के निर्देश अधिकारियों को दिए। मामला सहार विकासखंड का है। गांव पुर्वा खाड़े निवासी प्रियंका ने आरोप लगाया कि उनका नाम पात्रता सूची में शामिल किया गया था। विकासखंड अधिकारी की ओर से उनसे 15 हजार रुपये मांगे गये। पीड़िता ने बताया कि उसके पति मजदूरी करके घर का भरण-पोषण करते हैं। उसके पास रहने के लिए घर नहीं है।
आवास योजना के तहत उसने आवेदन किया था। रुपये न देने पर उनका नाम पात्रता सूची से काट दिया गया। वहीं, पीड़ित लक्ष्मी का कहना है कि उनका नाम सूची में शामिल था, रुपये न देने पर उनका नाम काट दिया गया। उन्होंने बताया कि वह गरीब हैं और वह रुपये देने में असमर्थ हैं, आवास न मिलते देख उन्होंने डीएम कार्यालय के बाहर पेट्रोल डालकर आत्मदाह किये जाने का प्रयास किया है।
पिपरौली निवासी राम प्यारी का कहना है कि वह मेहनत मजदूरी करके अपना परिवार चला रही है। रहने के लिए छत न होने की वजह से उन्होंने आवास योजना के तहत आवेदन किया था। अब उनसे रुपये मांगे जा रहे हैं। उधर, डीएम प्रकाशचंद्र श्रीवास्तव ने बताया कि मामला उनके संज्ञान में है। तीन विभाग के अधिकारियों की टीम गठित की गई है। वह तीन दिन के अंदर आख्या उन्हें देंगे, उस आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
